थोक विक्रेताओं पर अधिक कीमत में खाद देने का आरोप, खुदरा विक्रेताओं ने निकाला आक्रोश मार्च

Updated:
विज्ञापन

फोटो - प्रदर्शन करते खाद विक्रेता | Prabhat Khabar Network

WhatsApp चैनल से जुड़ेंगूगल पर प्रभात खबर चुनें

खुदरा खाद विक्रेताओं ने थोक विक्रेताओं द्वारा निर्धारित दर से अधिक कीमत पर खाद बेचने के खिलाफ आक्रोश मार्च निकाला. वे 10% कमीशन और उचित मूल्य पर खाद की मांग कर रहे हैं.

विज्ञापन

सहरसा, बख्तियारपुर. थोक विक्रेताओं द्वारा खुदरा खाद दुकानदारों को निर्धारित दर से अधिक कीमत पर खाद उपलब्ध कराने के विरोध में बुधवार को अनुमंडल के तीनों प्रखंडों के खुदरा खाद विक्रेताओं ने आक्रोश मार्च निकाला. इससे पहले नगर परिषद क्षेत्र के भौरा गांव स्थित एक विवाह भवन में अनुमंडल खुदरा खाद विक्रेता संघ की बैठक अध्यक्ष विनोद यादव की अध्यक्षता में हुई. बैठक में खाद की कीमत, कमीशन समेत विक्रेताओं की विभिन्न समस्याओं पर चर्चा की गयी.

विज्ञापन

बैठक के बाद कृषि कार्यालय तक निकाला मार्च

बैठक समाप्त होने के बाद खुदरा खाद विक्रेताओं ने अपनी मांगों के समर्थन में आक्रोश मार्च निकाला. मार्च ब्लॉक चौक से शुरू होकर अनुमंडल कृषि कार्यालय पहुंचा. वहां विक्रेताओं ने कृषि पदाधिकारी को मांगों से संबंधित आवेदन सौंपा और समस्याओं के समाधान की मांग की.

निर्धारित दर से अधिक कीमत पर खाद देने का आरोप

विक्रेताओं ने आवेदन में आरोप लगाया कि थोक विक्रेताओं द्वारा उन्हें निर्धारित मूल्य से अधिक कीमत पर खाद उपलब्ध करायी जा रही है. उनका यह भी आरोप है कि खाद के साथ अन्य सामान लेने के लिए दबाव बनाया जाता है. खुदरा विक्रेताओं का कहना है कि प्रशासन की ओर से उन्हें किसानों को निर्धारित सरकारी दर पर खाद उपलब्ध कराने का निर्देश दिया जाता है. ऐसे में अधिक कीमत पर खाद खरीदकर निर्धारित दर पर बिक्री करने से उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है.

पहले उचित दर पर खाद उपलब्ध कराने की मांग

खुदरा खाद विक्रेताओं ने मांग की कि प्रशासन पहले थोक विक्रेताओं से उन्हें निर्धारित और उचित कीमत पर खाद उपलब्ध कराये. इससे वे भी किसानों को सरकारी दर पर खाद उपलब्ध करा सकेंगे. विक्रेताओं ने चेतावनी दी कि यदि उन्हें उचित कीमत पर खाद उपलब्ध नहीं करायी गयी तो वे खाद समेत अन्य कृषि सामग्री का उठाव नहीं करेंगे.

10 प्रतिशत कमीशन देने की भी मांग

खुदरा खाद विक्रेताओं ने अपने स्तर पर शोषण का आरोप लगाते हुए सभी खुदरा दुकानदारों को 10 प्रतिशत कमीशन देने की मांग भी की. विक्रेताओं का कहना है कि कीमत और कमीशन से जुड़ी समस्याओं का समाधान होने पर ही खाद की बिक्री व्यवस्था सुचारु रूप से चल सकेगी.

तीनों प्रखंडों के विक्रेता हुए शामिल

आक्रोश मार्च में अनुमंडल क्षेत्र के विभिन्न प्रखंडों से पहुंचे खुदरा खाद विक्रेता शामिल हुए. विक्रेताओं ने कृषि विभाग के अधिकारियों के समक्ष अपनी समस्याएं रखते हुए निर्धारित दर पर खाद उपलब्ध कराने और कमीशन से जुड़ी मांगों पर कार्रवाई की मांग की.

आपके शहर में

विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन