गोपालपुर: 2021 के उच्चतम जलस्तर से सिर्फ 40 सेमी नीचे बची गंगा, 12 घंटे में 20 सेमी का उछाल, ब्रह्मोत्तर बांध से ओवरफ्लो होकर सैदपुर में घुसा पानी

Updated:
विज्ञापन

ब्रह्मोत्तर बांध पर बालू भरी बोरियों से पानी को रोकने का प्रयास | Prabhat Khabar Network

गंगा नदी का जलस्तर अप्रत्याशित रूप से बढ़ रहा है, जिससे 2021 की बाढ़ की यादें ताज़ा हो गई हैं. 12 घंटे में 20 सेंटीमीटर की वृद्धि ने चिंता बढ़ा दी है. स्थिति गंभीर है क्योंकि नदी खतरे के निशान से काफी ऊपर बह रही है.

विज्ञापन

भागलपुर जिले के गोपालपुर प्रखंड में गंगा नदी के जलस्तर में हो रही अप्रत्याशित और तीव्र वृद्धि ने 2021 की प्रलयंकारी बाढ़ की भयावह यादें ताजा कर दी हैं. पिछले 12 घंटे के भीतर नदी के जलस्तर में 20 सेंटीमीटर का जबर्दस्त उछाल दर्ज किया गया है. स्थिति इस कदर नाजुक हो चुकी है कि गंगा का वर्तमान जलस्तर वर्ष 2021 के ऐतिहासिक उच्चतम स्तर (33.50 मीटर) से महज 40 सेंटीमीटर की दूरी पर रह गया है. नदी लाल निशान से डेढ़ मीटर ऊपर बह रही है और तटबंधों पर पानी का भारी दबाव बना हुआ है. वहीं ब्रह्मोत्तर बांध के ऊपर से पानी ओवरफ्लो होकर सैदपुर गांव सहित रिहायशी इलाकों में तेजी से फैलने लगा है, जिससे ग्रामीणों में भारी दहशत का माहौल है.

आपके शहर में

विज्ञापन

स्पर संख्या-7 पर 33.10 मीटर पहुंचा जलस्तर

रविवार सुबह छह बजे जल संसाधन विभाग द्वारा लिए गए आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार इस्माईलपुर-बिंद टोली स्थित स्पर संख्या-7 पर गंगा का जलस्तर 33.10 मीटर रिकॉर्ड किया गया. नदी का डेंजर लेवल 31.60 मीटर है, जिससे यह वर्तमान में 1.50 मीटर ऊपर बह रही है. पिछले 12 घंटे में 20 सेंटीमीटर की तेज बढ़ोत्तरी ने तकनीकी जानकारों को भी सकते में डाल दिया है.

तटबंध के 'टो' पर लगातार दबाव, विभाग ने बताया 'सेफ'

विभागीय दैनिक रिपोर्ट में यद्यपि स्थिति को फिलहाल 'सेफ' (नियंत्रण में) करार दिया गया है, लेकिन नदी का पानी सीधे तटबंध के 'टो' (निचले आधार) से टकराकर लगातार कटिंग का दबाव बना रहा है. तटबंध की बुनियाद तक पानी पहुंच जाने के कारण कटाव का जोखिम हर पल बढ़ता जा रहा है, जिससे कभी भी अप्रिय स्थिति उत्पन्न हो सकती है.

ब्रह्मोत्तर बांध से ओवरफ्लो, सैदपुर गांव में भरा पानी

एक तरफ मुख्य तटबंध पर नदी का दबाव है, तो दूसरी ओर ब्रह्मोत्तर बांध से कई स्थानों पर बाढ़ का पानी ओवरफ्लो होकर रिहायशी क्षेत्रों में घुस चुका है. सैदपुर गांव की गलियों और निचले आंगनों में पानी तेजी से प्रवेश कर रहा है. सैदपुर में पानी भरने से अब सीधे तौर पर गोपालपुर प्रखंड मुख्यालय और आसपास की घनी आबादी वाली बस्तियों पर बाढ़ का सीधा खतरा मंडराने लगा है.

तटवर्ती गांवों में दहशत, रात-रात भर जाग रहे ग्रामीण

नदी के रौद्र रूप और तेजी से फैलते पानी को देखकर तटवर्ती इलाकों के बाशिंदों की धड़कनें तेज हो गई हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि अगले चौबीस घंटे के भीतर जलस्तर में वृद्धि की यही रफ्तार रही, तो गोपालपुर के तमाम निचले इलाके पूरी तरह जलमग्न हो जाएंगे. लोग अपने मवेशियों और जरूरी सामान को सुरक्षित ऊंचे स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी में जुट गए हैं.

विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन