बेगूसराय में स्कूल के मिड-डे मील में अनियमितता का मामला, सचिव ने सौंपा जांच के लिए आवेदन

Author Vikash Kumar|Edited by Yuvraj Ratan
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प्रतीकात्मक तस्वीर

Begusarai News : नगर परिषद बखरी के एक स्कूल में मध्याह्न भोजन योजना में गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगा है. स्कूल शिक्षा समिति की सचिव ने जांच और कार्रवाई की मांग की है, जिसमें उपस्थिति और भोजन की गुणवत्ता पर सवाल उठाए गए हैं.

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Begusarai News : नगर परिषद बखरी के वार्ड संख्या-08 स्थित उर्दू प्राथमिक विद्यालय, जयलख में संचालित मध्याह्न भोजन योजना में गंभीर अनियमितता का आरोप लगाया गया है. विद्यालय शिक्षा समिति की सचिव जहां आरा ने प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी (बीईओ) बखरी को लिखित आवेदन देकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है.

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उपस्थिति और भोजन वितरण में गड़बड़ी का आरोप

आवेदन में आरोप लगाया गया है कि विद्यालय की प्रधानाध्यापिका द्वारा मध्याह्न भोजन योजना के संचालन में लगातार अनियमितता बरती जा रही है. सचिव का कहना है कि विद्यालय में विद्यार्थियों की वास्तविक उपस्थिति कम रहती है, लेकिन उपस्थिति पंजी में अधिक संख्या दर्ज की जाती है. इसी प्रकार कम बच्चों को भोजन कराया जाता है, जबकि सरकारी अभिलेखों में अधिक बच्चों को भोजन कराने की रिपोर्ट भेजी जाती है.

भोजन की गुणवत्ता पर भी उठाए सवाल

शिकायत में यह भी कहा गया है कि बच्चों को परोसा जाने वाला भोजन निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं होता. इसके अलावा भोजन विवरण पंजी में भी पिछले महीने से लगातार अनियमितताएं दर्ज की जा रही हैं.

चार दिनों में दो दिन ही बना भोजन, फिर भी पूरी उपस्थिति दिखाने का आरोप

सचिव जहां आरा ने आवेदन में उल्लेख किया है कि 22 जून से 25 जून के बीच चार कार्यदिवसों में केवल दो दिन ही मध्याह्न भोजन बनाया गया. जबकि शेष दो दिनों में भोजन नहीं बनने के बावजूद सरकारी अभिलेखों में सभी दिनों का भोजन वितरण दर्शा दिया गया. उन्होंने आरोप लगाया कि इस प्रकार सरकारी राशि का दुरुपयोग किया जा रहा है और बच्चों के भोजन के अधिकार का हनन हो रहा है.

जीपीएस फोटो और अभिलेखों के मिलान से जांच की मांग

सचिव ने अपने आवेदन में कहा है कि मध्याह्न भोजन वितरण के दौरान जीपीएस आधारित फोटो भी ली जाती है. ऐसे में संबंधित अभिलेखों और जीपीएस फोटो का मिलान कर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए. यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित जिम्मेदार लोगों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में बच्चों के अधिकारों के साथ किसी प्रकार का खिलवाड़ न हो.

प्रधानाध्यापिका ने आरोपों को बताया निराधार

इस संबंध में विद्यालय की प्रधानाध्यापिका अंजू सिंह ने सभी आरोपों को गलत और निराधार बताया. उन्होंने कहा कि विद्यालय में प्रतिदिन छात्र-छात्राओं की वास्तविक उपस्थिति के अनुसार ही मध्याह्न भोजन तैयार कराया जाता है. उनके अनुसार विद्यालय शिक्षा समिति की सचिव द्वारा लगाए गए आरोप तथ्यहीन हैं.

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