बिहार में होगा 1,38,541 करोड़ रुपये का निवेश, बिजली को लेकर अगले 5 सालों के लिए सरकार का मास्टर प्लान
सांकेतिक तस्वीर
Bihar Electricity: बिहार में बिजली के क्षेत्र में अगले पांच सालों में 1,38,541 करोड़ रुपये निवेश की तैयारी है. 2030 तक बिजली की मांग 11,747 मेगावाट पहुंचने के अनुमान के बीच पावर इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत किया जाएगा. सरकार आधुनिक तकनीक, डिजिटल व्यवस्था और निवेश के जरिए राज्य को ऊर्जा के क्षेत्र में मजबूत बनाने की दिशा में आगे बढ़ रही है.
Bihar Electricity: बिहार के विकास की अगली रफ्तार का रास्ता बिजली से होकर गुजरने वाला है. उद्योगों को 24 घंटे पावर, शहरों को मजबूत सप्लाई और गांवों तक बेहतर बिजली व्यवस्था देने के लिए राज्य सरकार ने बड़ा निवेश प्लान तैयार किया है. अगले पांच सालों में बिजली के क्षेत्र में 1,38,541 करोड़ रुपये निवेश करने की तैयारी है.
आपके शहर में
भारत इलेक्ट्रिसिटी-2026 के बिहार फोकस स्टेट सेशन में सरकार ने उद्योग जगत के सामने इस प्रस्ताव को रखा. 'विकसित भारत, समृद्ध बिहार : इन्वेस्टमेंट, इनोवेशन और ग्रोथ' विषय पर आयोजित सत्र में ऊर्जा मंत्री शैलेश कुमार उर्फ बुलो मंडल ने निवेशकों से बिहार में निवेश करने की अपील की. उनका कहना था कि विकसित भारत का लक्ष्य समृद्ध बिहार के बिना पूरा नहीं हो सकता.
बिजली की बढ़ती मांग बनी चुनौती
सरकार के सामने सबसे बड़ी चुनौती आने वाले सालों की बढ़ती बिजली की मांग है. अनुमान लगाया जा रहा है कि 2030 तक बिहार में बिजली की मांग 11,747 मेगावाट तक पहुंच जाएगी. इसे देखते हुए उत्पादन के साथ ट्रांसमिशन और वितरण नेटवर्क को भी मजबूत करने की योजना है.
बिहार से जुड़ी अन्य ताजा खबरों के लिए यहां क्लिक करें
ऊर्जा मंत्री की माने तो, बिहार तेजी से बदल रहा है और ऊर्जा क्षेत्र में आधुनिक तकनीक को अपनाकर भविष्य की जरूरतों के लिए तैयारी की जा रही है. डिजिटल तकनीक के इस्तेमाल से बिजली वितरण प्रणाली को भी ज्यादा प्रभावी बनाने पर जोर है.
घाटे से मुनाफे तक पहुंचीं वितरण कंपनियां
सत्र में ऊर्जा सचिव-सह-अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक अजय यादव ने बिजली क्षेत्र में हुए बदलावों की जानकारी दी. उनके अनुसार, बिजली वितरण कंपनियों की वित्तीय स्थिति में उल्लेखनीय सुधार हुआ है. 2022 में 2,218 करोड़ रुपये के घाटे की तुलना में 2026 में 2,375 करोड़ रुपये का अस्थायी लाभ दर्ज किया गया.
निवेशकों को बिहार आने का न्योता
इससे पहले ऊर्जा मंत्री ने निवेशकों से सिर्फ कारोबार के लिए नहीं, बल्कि बिहार के विकास में भागीदार बनने की अपील की. उन्होंने कहा कि ऊर्जा आत्मनिर्भरता के लिए सुरक्षित, सस्ती और गुणवत्तापूर्ण बिजली जरूरी है. इस तरह से आने वाले पांच सालों में बिहार सिर्फ ज्यादा बिजली बनाने की तैयारी नहीं कर रहा, बल्कि बिजली के दम पर उद्योग, निवेश और आर्थिक विकास की नई जमीन तैयार करने की कोशिश में है.
Also Read: बिहार के किसानों को मिलेगी 5 लाख तक की सब्सिडी, सरकार की इस योजना से मिलेगा फायदा
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए