झारखंड में बिजली का संकट फिर गहराया, लोड शेडिंग कर की जा रही है आपूर्ति

Updated:
विज्ञापन

तेनुघाट के बंद होने से 160 मेगावट बिजली कम हो गयी है. सेंट्रल पूल से 1000 मेगावाट की जगह केवल 700 मेगावाट बिजली मिल रही है. हालांकि शाम के समय सिकिदिरी हाइडल को चालू किया.

विज्ञापन

झारखंड में फिर से बिजली संकट गहरा गया है. पूरे राज्य में लोडशेडिंग कर बिजली आपूर्ति की जा रही है. राजधानी में तो पिछले दो दिनों से रातभर लोडशेडिंग कर आपूर्ति हो रही है. बताया गया कि एनटीपीसी के हर्ली-पल्ली प्लांट से बिजली उत्पादन ठप हो गया है. इस प्लांट से 130 मेगावाट बिजली झारखंड को मिलती थी. दूसरी ओर तेनुघाट की दूसरी यूनिट का भी ट्यूब लीकेज हो गया है. इस कारण रात नौ बजे से इस प्लांट का भी उत्पादन ठप हो गया है.

आपके शहर में

विज्ञापन

पहली यूनिट रिपेयरिंग की वजह से पहले से ही बंद है. तेनुघाट के बंद होने से 160 मेगावट बिजली कम हो गयी है. सेंट्रल पूल से 1000 मेगावाट की जगह केवल 700 मेगावाट बिजली मिल रही है. हालांकि शाम के समय सिकिदिरी हाइडल को चालू किया. इससे 130 मेगावाट बिजली मिल रही थी. हालांकि रुक्का डैम में वाटर लेवल की स्थिति देखते हुए अधिकारी सशंकित हैं कि सिकिदिरी हाइडल को ज्यादा देर तक चलाने नहीं दिया जायेगा.

राजधानी में रात आठ बजे के बाद करनी पड़ रही लोडशेडिंग :

राज्य में डीवीसी कमांड एरिया को छोड़कर अभी 1300 से 1500 मेगावाट बिजली की मांग है, पर उपलब्धता केवल 900 से 1000 मेगावाट तक की है. जिसके कारण 400 से लेकर 600 मेगावाट तक बिजली की लोडशेडिंग कर आपूर्ति हो रही है. राजधानी रांची में इसका खासा असर पड़ा है. रात आठ बजे के बाद से लगातार लोडशेडिंग आरंभ हो जाती है. इस बीच टीवीएनएल के एमडी अनिल शर्मा ने बताया कि तेनुघाट की यूनिट एक सितंबर को चालू हो जायेगी. वहीं दूसरी यूनिट रिपेयरिंग के लिए बंद की गयी थी. वह भी तीन सितंबर को चालू हो जायेगी.

विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola