14.1 C
Ranchi
Friday, March 1, 2024

BREAKING NEWS

Trending Tags:

Aadhaar Card: जन्म तिथि के सबूत के तौर पर आधार कार्ड मान्य नहीं! पढ़ें क्या है नया अपडेट

Epfo News - हाल ही में EPFO यानी कर्मचारी भविष्य निधि संगठन ने जन्म तिथि (DoB) के प्रमाण के लिए आधार को स्वीकार्य दस्तावेजों की सूची से हटा दिया है. 16 जनवरी को जारी एक परिपत्र संख्या (WSU/2024/1/UIDAI Matter/4090) में, रोजगार निकाय ने कहा है कि यह निर्णय UIDAI के एक निर्देश के बाद लिया गया है.

Epfo News: आधार को लेकर हमेशा कोई ना कोई अपडेट आते रहता है. इसी बीच अब ईपीएफओ (EPFO) ने आधार को लेकर एक अपडेट जारी कर दिया है. हाल ही में EPFO यानी कर्मचारी भविष्य निधि संगठन ने जन्म तिथि (DoB) के प्रमाण के लिए आधार को स्वीकार्य दस्तावेजों की सूची से हटा दिया है. 16 जनवरी को जारी एक परिपत्र संख्या (WSU/2024/1/UIDAI Matter/4090) में, रोजगार निकाय ने कहा है कि यह निर्णय भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) के एक निर्देश के बाद लिया गया है.

आधार को जन्मतिथि में सुधार के लिए स्वीकार्य दस्तावेजों की सूची से हटाया जा रहा

आपको बता दें कि ईपीएफओ ने कहा है. “जन्म तिथि प्रमाण के रूप में स्वीकार्य दस्तावेजों की सूची से आधार को हटा दिया गया है. इस संबंध में यूआईडीएआई से एक पत्र प्राप्त हुआ है (कॉपी संलग्न है), जिसमें कहा गया है कि जन्मतिथि के प्रमाण के रूप में आधार के उपयोग को स्वीकार्य दस्तावेजों की सूची से हटाने की जरूरत है. तदनुसार, आधार को जन्मतिथि में सुधार के लिए स्वीकार्य दस्तावेजों की सूची से हटाया जा रहा है, जैसा कि संदर्भ के तहत जेडी एसओपी के अनुलग्नक -1 की तालिका-बी में उल्लिखित है, “16 जनवरी, 2024 के ईपीएफओ परिपत्र में कहा गया है,” इससे पहले, यूआईडीएआई ने ये भी कहा था कि ईपीएफओ जैसे कई संगठन जन्मतिथि की पुष्टि के लिए आधार को एक वैध दस्तावेज मानते रहे हैं. हालांकि, यूआईडीएआई ने यह स्पष्ट कर दिया है कि यद्यपि आधार एक विशिष्ट पहचान प्रमाण के रूप में कार्य करता है, लेकिन इसे आधार अधिनियम, 2016 के अनुसार जन्म तिथि का वैध प्रमाण नहीं माना जाता है.

Also Read: Galaxy AI: मोबाइल की दुनिया में नई क्रांति, अब कॉलिंग के दौरान भाषा नहीं बनेगी बाधा
2016 के आधार अधिनियम के अनुशार आधार जन्म तिथि का वैध प्रमाण नहीं

यूआईडीएआई के परिपत्र, जिसमें 2016 के आधार अधिनियम और नामांकन प्रक्रियाओं की देखरेख करने वाले नियमों का हवाला दिया गया था, ने यह स्पष्ट कर दिया कि आधार जन्म तिथि का वैध प्रमाण नहीं है. आपको बता दें कि 20 दिसंबर, 2018 को जारी कार्यालय ज्ञापन में यह विवरण स्पष्ट रूप से बताया गया है. हाल ही में बॉम्बे हाई कोर्ट के एक फैसले ने यह साफ कर दिया है कि आधार को जन्म के सबूत के रूप में स्वीकार नहीं किया जा सकता है.

ईपीएफओ के लिए ये प्रमाण हैं मान्य

  1. जन्म और मृत्यु रजिस्ट्रार द्वारा जारी जन्म प्रमाण पत्र

  2. किसी मान्यता प्राप्त सरकारी बोर्ड या विश्वविद्यालय द्वारा जारी मार्कशीट

  3. स्कूल छोड़ने का प्रमाणपत्र (एसएलसी)/स्कूल स्थानांतरण प्रमाणपत्र (टीसी)/एसएससी प्रमाणपत्र जिसमें नाम और जन्म तिथि शामिल हो

  4. सेवा रिकॉर्ड के आधार पर प्रमाणपत्र

  5. पैन कार्ड

  6. केंद्रीय/राज्य पेंशन भुगतान आदेश

  7. सरकार द्वारा जारी किया गया निवास प्रमाण पत्र

आपको बता दें कि उपरोक्त जन्मतिथि के प्रमाण के अभाव में, सदस्य की चिकित्सीय जांच के बाद सिविल सर्जन द्वारा जारी चिकित्सा प्रमाण पत्र और सदस्य द्वारा सक्षम न्यायालय द्वारा विधिवत प्रमाणित शपथ पर शपथ पत्र भी डेट ऑफ बर्थ (DOB ) के लिए मान्य होगा.

Also Read: आधार कार्ड के जरिए होने वाले फ्रॉड से खुद को रखे सुरक्षित, बायोमेट्रिक्स को ऐसे करें लॉक

You May Like

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

अन्य खबरें