शुद्ध पेयजल के लिए तरस रही पांच हजार आबादी

Updated at : 10 Jan 2018 4:07 AM (IST)
विज्ञापन
शुद्ध पेयजल के लिए तरस रही पांच हजार आबादी

जलालपुर : सात निश्चय की दुहाई देकर ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाएं बहाल कर विकास की योजनाओं को गति देने की पुरजोर कोशिश की जा रही है. वहीं सारण जिले में आदर्श प्रखंड का दर्जा पा चुके जलालपुर ब्लॉक की मिश्रवलिया पंचायत में रहने वाले पांच हजार लोगों को शुद्ध पेयजल के लिए भटकना आम […]

विज्ञापन

जलालपुर : सात निश्चय की दुहाई देकर ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाएं बहाल कर विकास की योजनाओं को गति देने की पुरजोर कोशिश की जा रही है. वहीं सारण जिले में आदर्श प्रखंड का दर्जा पा चुके जलालपुर ब्लॉक की मिश्रवलिया पंचायत में रहने वाले पांच हजार लोगों को शुद्ध पेयजल के लिए भटकना आम बात बन कर रह गयी है.

पंचायत के लोगों को पीने के लिए शुद्ध जल उपलब्ध नहीं है. पंचायत में बनी जलमीनार उद्घाटन काल से ही बंद पड़ी है. ग्रामीणों को साफ पानी के लिए घर से काफी दूरी पर लगे चापाकलों पर ही निर्भर रहना पड़ता है.

78 लाख की लागत से बनी है जलमीनार : सात वर्ष पूर्व लाखों की लागत से पंचायत में बनी जलमीनार बंद पड़ी है. 78 लाख की लागत से इस जलमीनार का निर्माण इस उद्देश्य से कराया गया था कि आम लोगों के घरों तक इसके माध्यम से शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जा सके. जलमीनार तो बनकर तैयार हो गयी लेकिन आज तक इससे गांव में रहने वाले लोगों को एक बूंद पानी मयस्सर नहीं हो सका. वहीं पानी को घर तक पहुंचाने के लिए बिछायी गयी पाइपलाइन भी पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गयी है. पंचायत के कई मुहल्लों में सात वर्ष बीत जाने के बाद भी पाइप लाइन नहीं पहुंच सकी है.
लोगो में है आक्रोश : पंचायत में चापाकल की भी कमी है, जिस कारण पानी के लिए लोगों को काफी मशक्कत करनी पड़ती है, जिन लोगो के घरों में या घर के आस-पास चापाकल है, उन्हें तो पानी आसानी से मिल जाता है, वहीं जिनके घरों में चापाकल नहीं है या घर से काफी दूरी पर है, वैसे लोगो को पानी के लिए या तो कुआं या घर से काफी दूर लगे चापाकलों पर इस ठंड के मौसम में जाना पड़ता है. गर्मी हो या सर्दी हर समय शुद्ध पेयजल पंचायत की प्रमुख समस्या बन चुकी है, जिस कारण लोगों में आक्रोश है.
सात निश्चय के साथ जगी है उम्मीद : यह पंचायत भोजपुरी के महान रचनाकार पं महेंद्र मिश्र की जन्मभूमि भी है. हालांकि इस लिहाज से इस क्षेत्र का समुचित विकास नहीं हो सका है. मुख्यमंत्री सात निश्चय योजना की शुरुआत के बाद स्थानीय लोगों में विकास की आस जरूर जगी है. लोगों का मानना है कि जो कार्य पिछले सात वर्षों में नहीं हो पाया, वह शायद निश्चय योजना के तहत पूरा हो जाये. फिलहाल लोगों में बस विकास की आस ही बची है.
क्या कहते हैं अधिकारी
सड़क निर्माण के दौरान पाइप लाइन क्षतिग्रस्त हो गयी थी, जिसको लेकर विभाग को इससे संबंधित समस्याओं से कई बार अवगत कराया गया. मगर विभाग मूक दर्शक बना हुआ है. सात निश्चय योजना के तहत सभी घरों तक नल का जल पहुंचाने का काम किया जा रहा है. जल्द ही लोगों को जल की समस्या से निजात मिल जायेगी.
राजेश भूषण, बीडीओ, जलालपुर
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन