ePaper

पटना के अस्पतालों में ओपीडी की रजिस्ट्रेशन पर्ची पर QR कोड, स्कैन होते ही मिलेगी मरीज की पूरी केस हिस्ट्री

Updated at : 03 May 2023 4:34 AM (IST)
विज्ञापन
पटना के अस्पतालों में ओपीडी की रजिस्ट्रेशन पर्ची पर QR कोड, स्कैन होते ही मिलेगी मरीज की पूरी केस हिस्ट्री

पटना के गार्डिनर रोड व राजवंशी नगर स्थित एलएनजेपी हड्डी अस्पताल के ओपीडी में नये सॉफ्टवेयर से रजिस्ट्रेशन की सुविधा शुरू कर दी गयी है. निबंधन के पर्चे में क्यूआर कोड लगा हुआ मिलेगा. क्यूआर कोड के द्वरा डॉक्टर को मरीज की केस हिस्ट्री व उसके इलाज से जुड़ी सभी जानकारियां आसानी से मिल जायेंगी.

विज्ञापन

पटना शहर के दो अस्पतालों में अब मरीजों को मिलने वाले निबंधन के पर्चे में क्यूआर कोड लगा हुआ मिलेगा. क्यूआर कोड के द्वारा डॉक्टर को मरीज की केस हिस्ट्री व उसके इलाज से जुड़ी सभी जानकारियां आसानी से मिल जायेंगी. पहली बार जिन मरीजों का निबंधन होगा, उनके क्यूआर कोड में उनसे जुड़ी व्यक्तिगत जानकारियां जैसे नाम, पता, ब्लड ग्रुप तथा किस बीमारी के लिए निबंधन कराया है. इसकी सूचना बस एक स्कैन में मिल जायेगी. इसके लिए निबंधन के प्रारूप में बदलाव करते हुए एक एप भी लाया गया है.

नये सॉफ्टवेयर के माध्यम से क्यूआर कोड की स्कैनिंग हो सकेगी. पहले संजीवनी सॉफ्टवेयर से निबंधन का काम होता था, जिसमें सिर्फ अस्पताल के पास मरीज के नाम तथा उसके रजिस्ट्रेशन कराने की तिथि की ही जानकारी होती थी. अब नये सॉफ्टवेयर के आ जाने से मरीज की पूरी जानकारी अस्पताल के पास रहेगी .

फिलहाल शहर के दो अस्पतालों में मिल रही सुविधा

शहर के गार्डिनर रोड व राजवंशी नगर स्थित एलएनजेपी हड्डी अस्पताल के ओपीडी में नये सॉफ्टवेयर से रजिस्ट्रेशन की सुविधा शुरू कर दी गयी है. एलएनजेपी हड्डी अस्पताल के निदेशक डॉ सुभाष चंद्रा व गार्डिनर के अधीक्षक डॉ मनोज कुमार सिन्हा ने बताया कि क्यूआर कोड को एक बार स्कैन करने के बाद डॉक्टर का नाम, मरीज का नाम, डॉक्टर ने पर्चे पर क्या-क्या लिखा है, इसकी पूरी जानकारी कंप्यूटर स्क्रीनिंग पर आ जायेगी. इससे एक और फायदा यह होगा कि ओपीडी में रजिस्ट्रेशन कराने के लिए घंटों लाइन में खड़ा नहीं रहना होगा. पर्चे पर क्यूआर कोड लगे होने के कारण कर्मचारियों को पूरी डिटेल उसी से मिल जायेगी

एक मिनट में मिल जायेगी पूरी जानकारी

पहले आपीडी में भीड़ के कारण मरीजों को काफी परेशानी होती थी. वहीं, चिकित्सकों की ड्यूटी बदल जाने से दुबारा आने वाले मरीजों को उनके लक्षण के अनुसार दवा देने में कठिनाई होती थी. नये निबंधन प्रणाली के तहत पर्ची पर एक आइडी भी अंकित रहेगा. आइडी के ठीक ऊपर क्यूआर कोड दिया गया है. इस कोड के माध्यम से सिर्फ पटना में ही नहीं, बल्कि देश के किसी भी अस्पताल में मरीज के बारे पूरी जानकारी एक मिनट में ली जा सकती है. बस इसे स्कैन करना होगा.

अस्पताल में आये मरीज जब-जब निबंधन पर्चा को अलग-अलग विभाग में ले जायेंगे, उसकी जानकारी भी उसमें डाल दी जायेगी. वहीं मरीज ने कौन-कौन सी जांच करायी है, उसकी सूचना भी स्कैन करते ही प्राप्त होगी. गंभीर बीमारी वाले मरीजों को यदि वेंटीलेटर पर रखने की जरूरत होगी या मरीज कभी आइसीयू में एडमिट हुआ है, तो यह भी क्यूआर कोड स्कैन करने पर पता चल जायेगा.

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन