परंपरा कायम, कंधे पर हुई मां की विदाई

Updated at : 14 Oct 2016 5:22 AM (IST)
विज्ञापन
परंपरा कायम, कंधे पर हुई मां की विदाई

सिरदला : पूजा पंडालों में स्थापित की गयी मां दुर्गा समेत अन्य देवी-देवताओं की प्रतिमाओं का विसर्जन गुरुवार को किया गया. प्रतिमाओं को फूलबगान पानी टंकी स्थित तालाब व बबनी नगवा आहर में विसर्जित किया गया. लोगों ने भक्ति भाव से माता की प्रतिमाओं को विदाई दी. सिरदला बरबीघा पोस्ट ऑफिस के समीप से पुरानी […]

विज्ञापन
सिरदला : पूजा पंडालों में स्थापित की गयी मां दुर्गा समेत अन्य देवी-देवताओं की प्रतिमाओं का विसर्जन गुरुवार को किया गया. प्रतिमाओं को फूलबगान पानी टंकी स्थित तालाब व बबनी नगवा आहर में विसर्जित किया गया. लोगों ने भक्ति भाव से माता की प्रतिमाओं को विदाई दी. सिरदला बरबीघा पोस्ट ऑफिस के समीप से पुरानी परंपराओं को कायम रखते हुए कंधे पर माता रानी की प्रतिमा उठा कर गली मुहल्ले का भ्रमण किया. इस दौरान महिलाओं ने नम आंखों से गोद भराई कर माता को विदाई दी. दृश्य कुछ ऐसा लग रहा था मानो बेटी को विदाई दी जा रही है. प्रतिमा की पूजा-अर्चना कर माता को विदाई दी गयी.
इस दौरान जय दुर्गे, जय माता दी के जयघोष से माहौल गुंजायमान होता रहा. विसर्जन के दौरान शहर में जुलूस निकाला गया. लोग भक्ति गीत के साथ ही फिल्मी गीतों पर झूमते थिरकते नजर आये. प्रतिमा विसर्जन के दौरान सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किये गये थे. तमाम वरीय अधिकारी सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते रहे.
गोविंदपुर. प्रखंड में मां दुर्गा की पूजा पर आधुनिक का असर चाहे जितना हो, मगर अब भी लोग 16 कहार के कंधे पर मां दुर्गा की प्रतिमा का विसर्जन करने की परंपरा निभा रहे हैं. एकतारा गांव में गुरूवार को कंधे पर ले जाकर मां की प्रतिमा का विसर्जन शांतिपूर्ण तरीके से किया गया.
एकतारा में दुर्गा की बड़ी प्रतिमा बनायी गयी थी. एक ही ढांचे पर मां दुर्गा की विशाल प्रतिमा के साथ अन्य देवी-देवताओं में गणेश, कार्तिक, लक्ष्मी व सरस्वती आदि की प्रतिमा स्थापित की गयी थी. एकतारा दुर्गा पूजा समिति के अध्यक्ष राजो सिंह ने बताया कि पुरानी परंपरा के अनुसार कंधों पर ले जाकर मां की प्रतिमा का विसर्जन किया जा रहा है.
लोग पूरे गांव में प्रतिमा को घुमाते हुए गांव से बाहर पोखर में ले जाकर प्रतिमा का विसर्जन किया. गांव के बुजुर्ग ने बताया कि प्रतिमा विसर्जन में 16 कहार कि यह परंपरा बेटी की विदाई के भावनात्मक संबंध से जुड़ा है, जिस तरह से घर से बाप अपनी बेटी की विदाई डोली को कंधे देकर करते हैं वही भावनात्मक रिश्ता एकतारा के जुलूस में निभाया गया. जुलूस के दौरान पुलिस प्रशासन की कड़ी व्यवस्था रही. जुलूस के दौरान पुलिस की पैनी नजर रही एवं प्रशासनिक कड़ी व्यवस्था के बीच मां की प्रतिमा का विसर्जन किया गया.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन