सभाधिपति ने अधिकारियों पर लगाया असहयोग का आरोप

Updated:
विज्ञापन

सिलीगुड़ी: सिलीगुड़ी नगर निगम के मेयर के सुर में सुर मिलाते हुए अब सिलीगुड़ी महकमा परिषद के वाम बोर्ड के सभाधिपति ने भी जिला प्रशासन के अधिकारियों पर सहयोग न करने का आरोप लगाया है. सभाधिपति तापस सरकार का आरोप है कि हाल में ही महकमा परिषद के प्रशासनिक भवन में खाद्य आपूर्ति व कल्याण […]

विज्ञापन
सिलीगुड़ी: सिलीगुड़ी नगर निगम के मेयर के सुर में सुर मिलाते हुए अब सिलीगुड़ी महकमा परिषद के वाम बोर्ड के सभाधिपति ने भी जिला प्रशासन के अधिकारियों पर सहयोग न करने का आरोप लगाया है. सभाधिपति तापस सरकार का आरोप है कि हाल में ही महकमा परिषद के प्रशासनिक भवन में खाद्य आपूर्ति व कल्याण स्थायी समिति की मीटिंग बुलायी गयी थी. इस महत्वपूर्ण मीटिंग में जिला खाद्य नियामक एवं महकमा खाद्य नियामक के अधिकारियों को आमंत्रित किये जाने के बावजूद एक भी अधिकारी मीटिंग में शामिल नहीं हुआ.

श्री सरकार का कहना है कि उच्च अधिकारी अपने मातहत अधिकारियों को भेजकर केवल खानापूर्ति कर रहे हैं. उक्त मीटिंग में संबंधित विभाग के आला अधिकारियों के न आने से सिलीगुड़ी महकमा की खाद्य आपूर्ति प्रणाली को लेकर अनेक तरह की सूचनाएं नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों को नहीं दी जा सकीं. इन अधिकारियों की गैर हाजिरी के कारण चाय बागानों में राशन आपूर्ति की व्यवस्था, मिड-डे मील आदि को लेकर चर्चा नहीं हो सकी और विभिन्न महत्वपूर्ण मुद्दों पर फैसला नहीं लिया जा सका. लेकिन दार्जिलिंग जिला के खाद्य नियामक अधिकारी असहयोग का आरोप मानने को राजी नहीं हैं.
स्थायी समिति के कार्यकारी अध्यक्ष ने भी लगाया आरोप
सिलीगुड़ी महकमा परिषद की खाद्य आपूर्ति व कल्याण स्थायी समिति के कार्यकारी अध्यक्ष भवेश घोष का कहना है कि सिलीगुड़ी महकमा क्षेत्र के चाय बागानों में राशन डीलर नियुक्त करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है. इस डीलर नियुक्ति प्रक्रिया में अपारदर्शिता का आरोप सामने आया है. श्री घोष ने कहा कि महकमा परिषद की उस मीटिंग में खाद्य विभाग से भेजा गया अधिकारी मिड-डे मील के चावल आवंटन एवं अन्य विभिन्न मुद्दों पर किये गये सवालों का जवाब नहीं दे सका. उन्होंने कहा कि सिलीगुड़ी महकमा क्षेत्र में जन वितरण प्रणाली को लेकर संबंधित विभागों के अधिकारी नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों को अंधेरे में रखे हैं. जनवरी महीने में दूसरी बार स्थायी समिति की मीटिंग होगी. इस मीटिंग में भी जिला खाद्य विभाग व महकमा अधिकारियों से मौजूद रहने की अपील की जायेगी.
क्या कहना है अधिकारी का
दार्जिलिंग जिला खाद्य नियामक स्वरूप मंडल का कहना है कि सिलीगुड़ी महकमा परिषद के नवगठित बोर्ड को असहयोग करने का आरोप बेबुनियाद है. जिस दिन महकमा परिषद में यह मीटिंग हुई थी, उसी दिन दार्जिलिंग में भी जिला अधिकारी के दफ्तर में एक महत्वपूर्ण मीटिंग हुई थी. उस मीटिंग में मैं और सिलीगुड़ी महकमा खाद्य नियामक मौजूद थे. श्री मंडल ने अपनी सफाई में कहा कि महकमा परिषद के उस मीटिंग में मेरे दफ्तर से ही एक दायित्वपूर्ण इंस्पेक्टर को भेजा गया था. उन्होंने कहा कि इसके बाद वाले स्थायी समिति की मीटिंग में खुद मौजूद रहने का कोशिश करूंगा. उन्होंने कहा कि अगर कहीं कोई अनियमितता का आरोप है, तो निर्वाचित जनप्रतिनिधि सदस्य लिखित शिकायत अगर करते हैं, तो मामले की जांच की जायेगी और उचित व्यवस्था की जायेगी.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola