266 करोड़ का टेंडर लेने के लिए दिया फर्जी क्रेडेंशियल वर्क सर्टिफिकेट, हो रही है जांच
Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 07 Nov 2019 8:47 AM
विज्ञापन
मनोहर कुमार, धनबाद : फर्जी क्रेडेंशियल वर्क सर्टिफिकेट (कार्य अनुभव प्रमाण पत्र) के जरिये बीसीसीएल में आउटसोर्सिंग कार्य हासिल करने का खेल जारी है. इस मामले में अभी कुछ दिनों पहले ही बीसीसीएल के दो जीएम सहित चार अधिकारियों पर चार्जशीट हुई थी. नया मामला बीसीसीएल के कुसुंडा एरिया के गोधर सी-पैच का है. यहां […]
विज्ञापन
मनोहर कुमार, धनबाद : फर्जी क्रेडेंशियल वर्क सर्टिफिकेट (कार्य अनुभव प्रमाण पत्र) के जरिये बीसीसीएल में आउटसोर्सिंग कार्य हासिल करने का खेल जारी है. इस मामले में अभी कुछ दिनों पहले ही बीसीसीएल के दो जीएम सहित चार अधिकारियों पर चार्जशीट हुई थी.
नया मामला बीसीसीएल के कुसुंडा एरिया के गोधर सी-पैच का है. यहां करीब 266 करोड़ के आउटसोर्सिंग कार्य हासिल करने तथा टेंडर में भाग लेने के लिए आउटसोर्सिंग कंपनी मेसर्स जीटीएस कोल सेल्स ने करीब 69.59 करोड़ का फर्जी क्रेडेंशियल वर्क सर्टिफिकेट जमा किया है.
कुसुंडा कोलियरी के तत्कालीन परियोजना पदाधिकारी (पीओ) व धनसार कोलियरी के पीओ तथा कुसुंडा एरिया के एरिया सेल्स मैनेजर के हस्ताक्षर से यह जारी किया गया है. इधर फर्जीवाड़ा की शिकायत मिलने पर बीसीसीएल विजिलेंस विभाग ने इसकी जांच शुरू कर दी है.
क्या है मामला
बीसीसीएल के कुसुंडा एरिया की गोधर-सी पैच से 209 लाख क्यूबिक मीटर ओबी, 34.86 लाख क्यूबिक मीटर लूज ओबी तथा 57.33 लाख मीट्रिक टन कोयला उत्खनन खनन तथा ट्रांसपोर्टिंग करने के लिए कंपनी प्रबंधन द्वारा करीब 266 करोड़ रुपये के आउटसोर्सिंग कार्य के लिए एक जुलाई 2019 को टेंडर निकाला गया था.
इसमें मेसर्स जीटीएस कोल सेल, मेसर्स धनसार इंजीनियरिंग (डेको) व मेसर्स हिल टॉप सहित अन्य ठेका कंपनियों ने हिस्सा लिया था. एनआइटी के शर्तों के मुताबिक टेंडर में भाग लेने के लिए आउटसोर्सिंग कंपनियों से 42 करोड़ रुपये का क्रेडेंशियल वर्क सर्टिफिकेट मांगा गया था.
टेंडर में हासिल करने के लिए आउटसोर्सिंग कंपनी मेसर्स जीटीएस कोल ने करीब 69.59 करोड़ रुपये का क्रेडेंशियल सर्टिफिकेट जमा किया हैं. आरोप है कि आउटसोर्सिंग कंपनी मेसर्स जीटीएस ने ट्रांसपोर्टिंग का कार्य कर क्रेडेंशियल वर्क सर्टिफिकेट एक्सवेटर (हायर्ड एचइएमएम ) जमा की है.
… और बिना जांच के सीएमसी विभाग ने कर दिया क्वालिफाइ : एनआइटी के शर्तों के मुताबिक किसी भी हायर्ड एचइएमएम (आउटसोर्सिंग) के कार्य में एक्सवेटर द्वारा कोयला और ओवर बर्डेन (ओबी) उत्खनन व ट्रांसपोर्टिंग करने पर ही उसका क्रेडेंशियल वर्क सर्टिफिकेट जमा करने का प्रावधान है. हायर्ड एचइएमएम कार्य के टेंडर में शामिल होने के लिए उसे ही वैध माना जाता है.
परंतु इस मामले में कोयला ट्रांसपोर्टिंग का काम करने के बावजूद आउटसोर्सिंग कंपनी मेसर्स जीटीएस ने 266 करोड़ रुपये के आउटसोर्सिंग कार्य ( कुसुंड़ा सी-पैच) के टेंडर में शामिल होने के लिए कुसुंडा एरिया के अधिकारियों के साथ सांठगांठ कर अपने क्रेडेंशियल वर्क सर्टिफिकेट में एक्सवेटर शब्द जोड़, ट्रांसपोर्टिंग कार्य के अनुभव को हायर्ड एचइएमएम में कन्वर्ट करा लिया है.
उक्त कंपनी के वर्क ऑर्डर में कही भी एक्सवेटर से कार्य करने या एक्सवेटर शब्द का जिक्र तक नहीं है, लेकिन कुसुंडा एरिया के अधिकारियों ने आउटसोर्सिंग कंपनी पर मेहरबानी करते हुए उसके क्रेडेंशियल सर्टिफिकेट में एक्सवेटर शब्द जोड़ दिया है, ताकि वह टेंडर में भाग ले सके.
इतना ही नहीं, बीसीसीएल सीएमसी विभाग ने भी बिना क्रेडेंशियल वर्क सर्टिफिकेट के सत्यापन के ही टेंडर में भाग लेने के लिए उक्त आउटसोर्सिंग कंपनी को रिवर्स इ-ऑक्शन में भाग लेने के लिए क्वालिफाइ कर दिया है, जिसकी जांच सही से हो, तो कई अधिकारियों की गर्दन फंस सकती है.
बॉक्स : 2
ब्लैकलिस्ट और इएमडी जब्ती का है प्रावधान
आउटसोर्सिंग कार्य के टेंडर में शामिल होने के लिए गलत जानकारी देने तथा कागजात जमा करने पर उक्त कंपनी को ब्लैकलिस्ट करने तथा इएमडी (अरनेस्ट मनी) की राशि जब्त करने का प्रावधान है, लेकिन शिकायत के बावजूद मामले में अब-तक कार्रवाई के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति की गयी है.
आधिकारिक सूत्रों की माने, तो बीसीसीएल के जीएम सीएमसी ने जांच के दौरान इंडिपेंडेंट मॉनिटर (आइएम) को मेसर्स जीटीएस पर कार्रवाई के लिए नोटसीट के माध्यम से सक्षम अधिकारी प्रस्ताव भेजने व स्वीकृति मिलने के बाद आगे की कार्रवाई करने की बात कही है, जबकि एनआइटी के शर्त के मुताबिक ठेका कंपनी द्वारा गलत कागजात व जानकारी देने पर उक्त कंपनी के खिलाफ सीएमसी विभाग द्वारा कार्रवाई का प्रावधान है.
बीसीसीएल के कुसुंडा एरिया का मामला, विजिलेंस से की गयी शिकायत
आउटसोर्सिंग कंपनी मेसर्स जीटीएस कोल सेल्स के कागजात की जांच शुरू
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन










