पेट बोतल पर पर्यावरण विशेषज्ञ कोट
Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 20 Dec 2015 6:25 PM
पेट बोतल पर पर्यावरण विशेषज्ञ कोटएएन काॅलेज में इन्वायरमेंट व वाटर मैनेजमेंट के विभागाध्यक्ष डाॅ एके घोष ने कहा कि पेट(पॉली एथेलीन टेट्राथेलेट) बोतल का इस्तेमाल एक बार होने के बाद उसे नष्ट कर देना चाहिए. बार-बार उस बोतल में पानी का उपयोग होने पर स्वास्थ्य पर असर डालता है. अधिक देर तक पानी रखने […]
पेट बोतल पर पर्यावरण विशेषज्ञ कोटएएन काॅलेज में इन्वायरमेंट व वाटर मैनेजमेंट के विभागाध्यक्ष डाॅ एके घोष ने कहा कि पेट(पॉली एथेलीन टेट्राथेलेट) बोतल का इस्तेमाल एक बार होने के बाद उसे नष्ट कर देना चाहिए. बार-बार उस बोतल में पानी का उपयोग होने पर स्वास्थ्य पर असर डालता है. अधिक देर तक पानी रखने पर बोतल के निर्माण में होनेवाले केमिकल का अंश पानी में घुलने लगता है जो स्वास्थ्य के लिए हानिकारक होता है. उन्होंने कहा कि पानी का पीएच(प्रत्येक लीटर हाइड्रोजेन आयन्स) स्केल रेंज एक से 14 तक होता है. पीएच के अनुसार साढ़े छह से उपर व आठ स्केल से नीचे का पानी उपयोग किया जा सकता है.
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