अब तक नहीं खुला एक भी क्रय केंद्र, गोदामों की भी हुई कमी

Updated at : 12 Dec 2017 7:50 AM (IST)
विज्ञापन
अब तक नहीं खुला एक भी क्रय केंद्र, गोदामों की भी हुई कमी

लक्ष्य का भी निर्धारण नहीं दाउदनगर : सरकार द्वारा 15 नवंबर से ही पैक्सों व व्यापार मंडल के माध्यम से धान क्रय केंद्र खोल कर धान क्रय करने का निर्देश दिया गया था. खेतों में धान की कटनी का काम तेजी से चल रहा है, धान कटनी के बाद किसानों द्वारा अपना धान खलिहानों या […]

विज्ञापन
लक्ष्य का भी निर्धारण नहीं
दाउदनगर : सरकार द्वारा 15 नवंबर से ही पैक्सों व व्यापार मंडल के माध्यम से धान क्रय केंद्र खोल कर धान क्रय करने का निर्देश दिया गया था. खेतों में धान की कटनी का काम तेजी से चल रहा है, धान कटनी के बाद किसानों द्वारा अपना धान खलिहानों या घरों में ही रख दिया गया है, क्योंकि सरकारी स्तर पर अभी तक धान क्रय केंद्र की शुरुआत नहीं की गयी है. किसान क्रय केंद्र खुलने का इंतजार कर रहे हैं, ताकि वे सरकार द्वारा न्यूनतम निर्धारित मूल्य पर धान क्रय केंद्रों में धान बेच कर अपनी आवश्यकताओं को पूरा कर सकें, लेकिन धरातल पर स्थिति यह है कि किसी भी पैक्स या व्यापार मंडल द्वारा अभी तक धान क्रय केंद्र की शुरुआत नहीं की गयी है.
गोदाम की भी है कमी : सरकार द्वारा धान क्रय केंद्र खोल दिया जाता है ,लेकिन सभी क्रय केंद्रों का पर्याप्त संख्या में अपना गोदाम नहीं होने के कारण क्रय केंद्र खुले रहने की स्थिति में भाड़े का गोदाम लेना पड़ता है .दाउदनगर प्रखंड की स्थिति यह है कि इस प्रखंड के 16 पैक्सों में से वर्तमान में मात्र 13 पैक्सों के पास ही अपना गोदाम है ,जिसकी कुल क्षमता 42 सौ एमटी है .व्यापार मंडल का अपना गोदाम पूरी तरह जर्जरता का शिकार हो चुका है
व्यापार मंडल द्वारा प्रखंड कार्यालय परिसर में स्थित एक गोदाम को किराए पर लेकर धान की खरीदारी की जाती है. यानी धान क्रय केंद्र शुरू होने के बाद भी लक्ष्य के अनुरूप धान खरीदने के लिए पैक्सों को किराए पर गोदाम लेने की जरूरत पड़ेगी.वर्तमान में कनाप में 200एमटी, संसा में 500 एमटी,सिंदुआर में 100 एमटी,करमा में 200 एमटी व बेलवा में 200 एमटी निर्माणाधीन है या गोदाम निर्माण की प्रक्रिया अंतिम चरण में चल रही है ,जिसे फाइनल टच देने का कार्य किया जा रहा है.अंकोढ़ा में 500 एमटी का गोदाम निर्माण होना है. यदि इन गोदामों का निर्माण कार्य पूरा हो जाता है तो क्षमता 2600 एमटी बढ़ जाएगी.फिर भी किराये पर गोदाम की जरुरत पड़ सकती है.
नमी भी है एक कारण : प्रखंड सहकारिता पदाधिकारी अमरनाथ कपूर का कहना है कि अभी धानकाटनी का कार्य चल रहा है. धान में नमी भी अधिक है, जिसके कारण किसान धान बेचने के लिए अभी निकल नहीं पा रहे हैं.
उम्मीद है कि 15 दिसंबर के बाद से धान निकलना शुरू हो जाएगा. आम तौर पर दिसंबर से जनवरी प्रारंभ तक इस क्षेत्र में धान क्रय शुरू होने की संभावना बनी रहती है .17 प्रतिशत नमी वाले धान ही क्रय किया जाना है. 19 प्रतिशत तक नमी वाला धान क्रय किए जाने का विभागीय पत्र अभी तक नहीं आया है.भंडारण के लिए जरुरत पड़ने पर गोदाम किराया पर लेना पड़ता है,वैसे धान का रोटेशन भी होते रहता है.
कैसे होता है लक्ष्य निर्धारण : मिली जानकारी के अनुसार , प्रखंड कृषि कार्यालय द्वारा पंचायतों में कृषि सलाहकार के माध्यम से क्रॉप कटिंग करा कर कटिंग रिपोर्ट जिला मुख्यालय को भेजी जाती है, इसी तरह प्रखंड स्तर से सांख्यिकी विभाग द्वारा भी रिपोर्ट भेजी जाती है .
दोनों रिपोर्टों का मिलान किया जाता है और उसके बाद जिला स्तर पर धान क्रय का लक्ष्य निर्धारित होता है, उसके अनुरूप प्रखंडों को लक्ष्य प्रदान किया जाता है. यह काम भी अभी नहीं हो पाया है तो धान क्रय शुरू होने की उम्मीद कैसे की जा सकती है. प्रखंड कृषि पदाधिकारी संजय कुमार ने बताया कि क्रॉप कटिंग का काम कराया जा रहा है, इस सप्ताह तक कटिंग रिपोर्ट जिला कृषि कार्यालय को भेज दिया जाएगा.
पैक्सों में गोदाम की स्थिति
चौरी पैक्स में 100 एमटी का एक,शमशेरनगर में दो -दो सौ एमटी का दो,अरई में दो (एक पांच सौ और एक दो सौ एमटी),कनाप में पांच सौ एमटी का एक,संसा,सिंदुआर,मनार,अंकोढ़ा में दो -दो सौ एमटी का एक -एक,अंछा,दाउदनगर,करमा में एक एक सौ एमटी का एक एक,तरार व तरारी में दो दो(पांच सौ एमटी का एक व दो सौ एमटी का एक)गोदाम है,जहां संबंधित पैक्सों से जुड़े किसानों का धान क्रय किया जाना है. गोरडीहां पैक्स के पास गोदाम ही नहीं है.
अब सवाल यह उठता है कि जिस पैक्स के पास जितनी क्षमता का गोदाम वर्तमान में मौजूद है उससे अधिक क्षमता में धान पहुंचने के बाद वे किराए पर गोदाम लेने के सिवाय और क्या विकल्प अपना सकते हैं.
प्रखंड में हैं 16 पैक्स एक व्यापार मंडल
दाउदनगर प्रखंड में पैक्सों की संख्या 16 है. इनमें करमा और दाउदनगर पैक्स का नया चुनाव नहीं होने के कारण प्रशासक की भूमिका में बीसीओ हैं. व्यापार मंडल के अलावा सभी पैक्सों द्वारा धान क्रय केंद्र खोलकर धान का क्रय किया जायेगा. स्थिति यह है कि अभी तक लक्ष्य का निर्धारण भी नहीं किया गया है कि इस प्रखंड में किसानों से कितना धान खरीदने का लक्ष्य है.
मिली जानकारी के अनुसार, पिछले वर्ष एक लाख 78 हजार क्विंटल धान खरीदने का लक्ष्य निर्धारित था, इसके विपरीत करीब एक लाख 25 हजार क्विंटल धान का क्रय किया गया था. जब लक्ष्य निर्धारण के बारे में पता किया गया तो जानकारी मिली कि कटनी रिपोर्ट प्रखंड कृषि कार्यालय व प्रखंड सांख्यिकी कार्यालय से अलग अलग जिला स्तर पर भेजी जाती है. इसके बाद धान क्रय का लक्ष्य निर्धारण किया जाता है. यह कटनी रिपोर्ट भी अभी तक नहीं भेजी गयी है. दाउदनगर प्रखंड में करीब 13 हजार हेक्टेयर में धान की खेती की जाती है.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन