रायगढ़ बस हादसा : ....और व्हाट्सऐप ग्रुप पर अचानक पसरा सन्नाटा, पता चला 33 दोस्त नहीं रहे

Updated at : 28 Jul 2018 11:14 PM (IST)
विज्ञापन
रायगढ़ बस हादसा : ....और व्हाट्सऐप ग्रुप पर अचानक पसरा सन्नाटा, पता चला 33 दोस्त नहीं रहे

मुंबई : शनिवार, 28 जुलाई को महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले के पोलादपुर के पास बड़ा सड़क हादसा हुआ. दापोली एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी के 34 लोगों को महाबलेश्वर ले जा रही एक बस 200 फीट गहरी खाई में गिर गयी. इस हादसे में 33 लोगों की मौत हो चुकी है. बचनेवाले एकमात्र भाग्यशाली शख्स का नाम प्रकाश […]

विज्ञापन

मुंबई : शनिवार, 28 जुलाई को महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले के पोलादपुर के पास बड़ा सड़क हादसा हुआ. दापोली एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी के 34 लोगों को महाबलेश्वर ले जा रही एक बस 200 फीट गहरी खाई में गिर गयी.

इस हादसे में 33 लोगों की मौत हो चुकी है. बचनेवाले एकमात्र भाग्यशाली शख्स का नाम प्रकाश सावंत है. लेकिन खुशकिस्मत केवल प्रकाश ही नहीं थे, एक और शख्स था जिसे इस यात्रा का हिस्सा बनना था लेकिन होनी को कुछ और ही मंजूर था.

जी हां, दापोली एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी में साथियों के प्लान में प्रवीण रणदीव को भी शामिल होना था. वे सभी शनिवार सुबह महाबलेश्वर में पिकनिक मनाने जाने की तैयारियों में जुटे हुए थे. लेकिन प्रवीण की तबीयत खराब होने की वजह से वह पिकनिक पर नहीं जा पाये.

यात्रा के सारे अपडेट्स दोस्तोंवाले व्हाट्सऐप ग्रुप पर डाले जा रहे थे. मन मसोसकर वह व्हाट्सऐप ग्रुप पर पिकनिक पर गये साथियों का एक-एक अपडेट देखनेमें लग गये.

तभी अचानक व्हाट्सऐप ग्रुप पर सन्नाटा पसर गया. दोपहर के लगभग 12:30 बजे प्रवीण को पता चला कि जिस बस में उनके दोस्त जा रहे थे, वह पोलडपुर के पास एक खाई मेंजा गिरी. जिस जगह यह दुर्घटना घटी, प्रवीण वहां से 180 किलोमीटर की दूरी पर थे.

रणदीव कहते हैं, हम सुबह 6:30 बजे निकलनेवाले थे लेकिन जब उन्होंने मुझे बुलाया तो मैंने कहा कि मेरी तबीयत ठीक नहीं लग रही है इसलिए मैं नहीं जा सकता. इसके बाद रणदीव के दोस्तों ने वॉट्सऐप ग्रुप पर यात्रा की तस्वीरें डालनी शुरू कर दी.

वह बताते हैं,अंतिम मैसेज लगभग 9:30बजे पर आया था. वे सभी शायद नाश्ता करने के लिए कहीं रुकनेवाले थे. जब मैंने उन्हें मैसेज किया तो कोई जवाब नहीं आया.

मुझे दुर्घटना के बारे में लगभग 12:30 बजे पता चला. रणदीव बताते हैं, मृतकों में शामिल सभी लोगों की उम्र 30 से 45 वर्ष के बीच थी. उनमें से कई की तो शादी भी नहीं हुई थी.

रायगढ़ हादसे में इकलौते बचे प्रकाश सावंत ने मीडिया को बताया, कीचड़ और पत्थरों के खिसकने की वजह से बस का टायर फिसल गया और ड्राइवर ने नियंत्रण खो दिया, जिसके चलते यह दुर्घटना हो गयी.

वह घाटी से सुरक्षित चढ़कर ऊपर आने में सफल रहे और उन्होंने ही घटना की सूचना सुबह 10:30 बजेयूनिवर्सिटी और पुलिस अधिकारियों को दी.

रायगढ़ पुलिस नियंत्रण कक्ष के अधिकारी पीडी पाटिल के मुताबिक, बस एक साप्ताहिक पिकनिक के लिए महाबलेश्वर के रास्ते पर थी, जहां यह घटना हुई. उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों की मदद से दोपहर 12 बजे तक शवों को निकाल लिया गया.

इस घटना पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी ट्वीट करके दुख व्यक्त किया है. पीएमओ के ट्विटर हैंडल पर पीएम मोदी की ओर से लिखा गया, महाराष्ट्र के रायगढ़ में हुए बस हादसे में लोगों की मौत से काफी दुखी हूं. जान गंवानेवालों के परिवार से मेरी पूरी सहानुभूति है.

वहीं, राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने घटना पर शोक व्यक्ति किया है. उन्होंने ट्वीट कर कहा कि उन्हें महाबलेश्वर बस हादसे में लोगों की मौत के बारे में जानकर दुख हुआ.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola