छठी अनुसूची के जरिये हो राजवंशियों का विकास
Published by :Prabhat Khabar Digital Desk
Published at :17 Aug 2017 8:23 AM (IST)
विज्ञापन

जलपाईगुड़ी. उत्तर बंग के आदि-निवासी हैं राजवंशी या कामतापुरी. देश आजाद होने के 71वें वर्ष में इन जनजातियों के विकास के लिए और बहुत कुछ करना आवश्यक है. संविधान की छठी अनुसूची के तहत इस संप्रदाय के आर्थिक व सामाजिक उन्नति की दिशा में और क्या किया जा सकता है, इस पर ध्यान देने की […]
विज्ञापन
जलपाईगुड़ी. उत्तर बंग के आदि-निवासी हैं राजवंशी या कामतापुरी. देश आजाद होने के 71वें वर्ष में इन जनजातियों के विकास के लिए और बहुत कुछ करना आवश्यक है. संविधान की छठी अनुसूची के तहत इस संप्रदाय के आर्थिक व सामाजिक उन्नति की दिशा में और क्या किया जा सकता है, इस पर ध्यान देने की आवश्यकता है.
मंगलवार को जलपाईगुड़ी के धूपगुड़ी के फटकटारी गांव में स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर झंडोत्तोलन के अवसर पर अपने भाषण में पूर्व कामतापुर लिबरेशन ऑर्गेनाइजेशन (केएलओ) के डिप्टी कमांडर जयदेव राय उर्फ टॉम अधिकारी ने उक्त बातें कहीं.
टॉम अधिकारी के नेतृत्व में पूर्व केएलओ सदस्यों को लेकर स्थानीय तृणमूल नेता शचीचंद्र अधिकारी, लक्खीकांत राय के साथ संयुक्त रूप से स्वतंत्रता दिवस मनाया गया. टॉम अधिकारी ने बताया कि राज्य की वर्तमान मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने राजवंशी भाषा अकादमी चालू की है. हाल ही में कामतापुरी व राजवंशी भाषा को स्वीकृति देने के लिए विशेषज्ञ कमेटी गठित बनाई गई है. राजवंशी उन्नयन व सांस्कृतिक बोर्ड गठित किया गया है, लेकिन कोई काम नहीं हुआ.
कभी अलग राज्य व भाषा की मांग पर ये केएलओ में शामिल हुए. लंबे समय तक भूमिगत रहकर केएलओ की ओर से सशस्त्र लड़ाई लड़ी और स्वतंत्रता दिवस का बहिष्कार किया. लेकिन अब समाज की मुख्यधारा में लौटे आये हैं.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन










