मछली पालन की तकनीक देखने चांडिल डैम पहुंची आंध्रा की टीम

Updated at : 12 Mar 2019 1:16 AM (IST)
विज्ञापन
मछली पालन की तकनीक देखने चांडिल डैम पहुंची आंध्रा की टीम

डैम में केज बनाकर मछली पालन के मॉडल को सराहा 1500 विस्थापित परिवारोें को होता है सालाना एक से डेढ़ लाख मुनाफा जमशेदपुर : चांडिल डैम में केज (पिंजड़ा)बनाकर मछली पालन की तकनीक देखने आंध्र प्रदेश की एक टीम पिछले सप्ताह चांडिल आयी. टीम ने मछली पालन की लागत, आमदनी समेत विभिन्न बिंदुओं की जानकारी […]

विज्ञापन

डैम में केज बनाकर मछली पालन के मॉडल को सराहा

1500 विस्थापित परिवारोें को होता है सालाना एक से डेढ़ लाख मुनाफा

जमशेदपुर : चांडिल डैम में केज (पिंजड़ा)बनाकर मछली पालन की तकनीक देखने आंध्र प्रदेश की एक टीम पिछले सप्ताह चांडिल आयी. टीम ने मछली पालन की लागत, आमदनी समेत विभिन्न बिंदुओं की जानकारी ली. टीम को बताया कि 1500 विस्थापित परिवार सालाना एक से डेढ़ लाख रुपये से ज्यादा मुनाफा कमा रहा है है तथा आत्मनिर्भर हो रहे हैं.

मछली पालन की यह तकनीक इको फ्रेंडली सिस्टम का बेतरीन उदहारण है. इस संबंध में सुवर्णरेखा बहुुद्देश्यीय परियोजना के प्रशासक ब्रजमोहन कुमार ने बताया कि जल्द ही चांडिल डैम के आसपास के साइट को विकसित किया जायेगा. इसके लिए पर्यटन विभाग के साथ मिलकर नयी योजना का सर्वे शुरू किया गया है.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola