मिट्टी के दीये लो बाबू, मेरे घर भी दिवाली है

गुमला : दीपावली का त्योहार है. अपने दीयों से हमारे घरों को रोशन करने वाले कुम्हारों की. उन बच्चों के चेहरे पर खुशी लाने की, जो पूरे एक साल तक मिट्टी के खिलौने का इंतजार करते हैं. हमारी दीपावली की रात इन्हीं कुम्हारों द्वारा बनाये गये मिट्टी के दीयों से रोशन होते हैं. तो क्यों […]
गुमला : दीपावली का त्योहार है. अपने दीयों से हमारे घरों को रोशन करने वाले कुम्हारों की. उन बच्चों के चेहरे पर खुशी लाने की, जो पूरे एक साल तक मिट्टी के खिलौने का इंतजार करते हैं. हमारी दीपावली की रात इन्हीं कुम्हारों द्वारा बनाये गये मिट्टी के दीयों से रोशन होते हैं. तो क्यों नहीं इस दीपावली पर्व पर भी हम कुम्हारों की मेहनत को सलाम करते हुए उनके द्वारा मिट्टी से बनायी गयी सामग्री का उपयोग करें.
एक कुम्हार की व्यथा यह है. मेरी मेहनत को खरीदो लोगों, क्योंकि हमारे घर भी दीपावली है. अगर हम कुछ सालों में मनाये गये दीपावली पर्व पर गौर करें, तो लाइटिंग वाले चाइनीज सामान के आगे मिट्टी के दीये की डिमांड साल-दर-साल घटती जा रही है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




