जीवन भर साथ देने वाले की हो रही अनदेखी

Updated:
विज्ञापन

बीएसएल. 30 हजार रिटायर कर्मियों का दर्द, बीजीएच में नहीं हो रहा उचित इलाज बोकारो स्टील रिटायर्ड इम्प्लाइज एसोसिएशन का बीजीएच पर प्रदर्शन बोकारो : जिसके लिए (बोकारो स्टील प्लांट) अपना पूरा ‘जीवन’ दे दिया, आज वही (बोकारो स्टील प्रबंधन) ‘लाइफ’ से खेल रहा है. बोकारो जेनरल अस्पताल में रिटायर कर्मियों को उचित चिकित्सा सुविधा […]

विज्ञापन

बीएसएल. 30 हजार रिटायर कर्मियों का दर्द, बीजीएच में नहीं हो रहा उचित इलाज

बोकारो स्टील रिटायर्ड इम्प्लाइज एसोसिएशन का बीजीएच पर प्रदर्शन
बोकारो : जिसके लिए (बोकारो स्टील प्लांट) अपना पूरा ‘जीवन’ दे दिया, आज वही (बोकारो स्टील प्रबंधन) ‘लाइफ’ से खेल रहा है. बोकारो जेनरल अस्पताल में रिटायर कर्मियों को उचित चिकित्सा सुविधा नहीं मिल रही है. यह बोकारो स्टील प्लांट से रिटायर 30 हजार कर्मियों का दर्द है. इसी दर्द को बयां करने के लिए फेडरेशन ऑफ रिटायर्ड सेल इम्पलाइज से संबंद्ध बोकारो स्टील रिटायर्ड इम्प्लाइज एसोसिएशन के बैनर तले बीएसएल से रिटायर दर्जनों कर्मियों ने बीजीएच गेट पर प्रदर्शन किया. प्रदर्शन में कई ऐसे रिटायर कर्मी शामिल हुए, जो चल पाने में असमर्थ थे, जिनको खड़े होने में परेशानी हो रही थी. कर्मियों के चेहरे के उपेक्षा का दंश साफ -साफ झलक रहा था. चिंता की लकीरें ललाट पर दिख रही थी.
फेडरेशन ऑफ रिटायर्ड सेल इम्प्लाइज व बोकारो स्टील रिटायर्ड इम्प्लाइज एसोसिएशन के महामंत्री रामआगर सिंह ने कहा : सभी रिटायर्ड कर्मचारियों को एनए (नोट अवेलेबल) वाली दवा बोकारो प्रबंधन सेवारत कर्मचारियों के सामान लोकल खरीद कर उपलब्ध करवाये. यह एनजेसीएस के समझौते व आरटीआइ में सेल के की ओर से मिले जवाब के अनुरूप दिया जाये. बीजीएच में हो रहे इलाज का पैसा मेडिक्लेम की रकम से हर माह काटना बंद किया जाये. पूर्व में प्रचलित पद्धति के अनुरूप चिकित्सा सुविधा रिटायर कर्मियों को उपलब्ध कराया जाये. यानी वर्ष के अंत में बची रकम का क्लेम बोकारो प्रबंधन मेडिक्लेम से करे. इससे बहुत बड़ी राहत रिटायर कर्मियों को मिलेगी.
बुनियादी सुविधा से वंचित
बोकारो स्टील रिटायर्ड इम्प्लाइज एसोसिएशन के अध्यक्ष एसएनपी गुप्ता व उपाध्यक्ष एचके लाल ने कहा : बीजीएच के भ्रष्टाचार में लिप्त डॉक्टरों पर नकेल लगायी जाय, जो जानबूझ कर बाहर की महंगी दवा लिख देते हैं और वह दवा सिर्फ उनके बताये दुकान पर ही मिलती है. यही स्थिति क्लिनिकल जांच यानि एक्सरे, सीटी स्कैन व अन्य पैथोलोजिकल जांच में भी अपनायी जा रही है. सभी सेक्टरों में हेल्थ सेंटर को सुचारू रूप से चलाया जाये और वहां दवा व इंजेक्शन की सुविधा तुरंत चालू की जाये. श्री गुप्ता व श्री लाल ने कहा : सीएसआर के नाम पर रकम मिल जाती है, पर अपने कर्मचारियों को बुनियादी सुविधाओं से वंचित रखा जाता है. यह स्थिति नहीं चलने दी जायेगी.
18 दिसंबर को होगी बैठक
प्रदर्शन को एसोसिएशन के उपाध्यक्ष एमपी सिंह, सहायक महामंत्री एसएस गुप्ता, लीज्ड हाउस वेलफेयर सोसाइटी के अध्यक्ष एके सिंह, रवींद्र प्रसाद, उदय शर्मा, एमएल साहू, राजा राम पासवान, आरएन प्रसाद, ए खान, लक्ष्मण पांडेय, लक्ष्मी नारायण केसरी, एमके मंडल, ओपी कपूर आदि ने संबोधित किया. कहा : आज जो बीजीएच है, उसको बनाने में हमारी कमाई लगी है. बीजीएच में ही हमारा उचित इलाज नहीं हो रहा है. इससे बड़ा दुर्भाग्य और क्या हो सकता है? प्रदर्शन के बाद एसोसिएशन की ओर से एक स्मार पत्र दिया गया. 18 दिसंबर को बीजीएच प्रबंधन ने एसोसिएशन को बैठक के लिए बुलाया है. बैठक की तिथि मिलने के बाद एसोसिएशन का प्रदर्शन बीजीएच पर समाप्त हुआ.
सेवानिवृत्त इस्पातकर्मी बोले : हमारी मेहनत काे भूल गया बीएसएल प्रबंधन
बीएसएल में ज्वाईिनंग के समय लिखित मिला था कि जिंदगी भर पति-पत्नी का इलाज नि:शुल्क होगा. लेकिन, आज बीजीएच में दवा नहीं मिलती है. बाहर से दवा खरीदनी पड़ती है.
एसएस गुप्ता, सेक्टर-5
बीएसएल प्रबंधन बीजीएच में रोज नया-नया नियम बना कर रिटायर कर्मियों को परेशान कर रहा है. बीजीएच में रिटायर कर्मियों को पहले की तरह ही चिकित्सा सुविधा मिलनी चाहिए.
लक्ष्मण पांडे, सेक्टर-3
बीजीएच में इलाज के लिए डॉक्टरों व स्टाफ की बहाली या अन्य विकल्प से इसको पूरा किया जाये. डॉक्टर व चिकित्सा कर्मियों की कमी से बीजीएच में मरीजों को परेशानी हो रही है.
अवधेश कुमार सिंह, सेक्टर 4 एफ
बीएसएल प्रबंधन रिटायर कर्मियों की उपेक्षा कर रहा है. जिस प्लांट को कर्मियों को अपने खून-पसीना से सींचा है, आज उन्हीं कर्मियों को बीजीएच में चिकित्सा सुविधा नहीं मिल रही है.
लक्ष्मी नारायण केसरी, सेक्टर-3
बीएसएल प्रबंधन ने जो लिखित समझौता किया है, उसका पालन करे. रिटायर कर्मियों के लिए बीजीएच में दवा की उपलब्धता सुनिश्चित करना बीएसएल प्रबंधन का दायित्व है.
एचके लाल, सेक्टर-6
बीजीएच में रोज नया-नया नियम बना कर रिटायर कर्मियों को परेशान किया जा रहा है. रिटायर कर्मियों को बीजीएच में दवा नहीं मिल रही है. उन्हें बाहर से दवा खरीदनी पड़ रही है.
जेपी सिंह-चास
बीजीएच में रिटायर कर्मियों को ओपीडी से लेकर दवा काउंटर तक बहुत प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है. बीजीएच प्रबंधन को इसमें सुधार करने की जरूरत है.
केसी तिवारी, सेक्टर 12 बी
बीएसएल प्रबंधन ने कर्मियों के साथ जो लिखित समझौता किया है, वह सुविधा कर्मियों को मुहैया कराये. बीजीएच प्रबंधन अनावश्यक रिटायर कर्मियों को परेशान न करे.
रंजीत कुमार सिन्हा, सेक्टर 1 सी
बीजीएच में रिटायर कर्मियों की दवा को एनए कर दिया जाता है. इस कारण कर्मियों को दवा बाहर से खरीदनी पड़ रही है. बीजीएच में हर दवा रिटायर कर्मियों को मिलनी चाहिए.
बीडी प्रसाद, सेक्टर-11
बीजीएच में हर तरह की सुविधा रिटायर कर्मियों को मिलनी चाहिए. साथ ही सभी सेक्टरों के स्वास्थ्य उप केंद्र में भी सभी तरह की प्राथमिक चिकित्सा सुविधा मिलनी चाहिए.
राम महतो, सेक्टर 11 डी
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola