रसोई गैस की कल्लित से उपभोक्ता बेहाल

Updated:
विज्ञापन

वीरपुर : अनुमंडल क्षेत्र में रसोई गैस की किल्लत आम उपभोक्ताओं के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है. उपभोक्ताओं को अक्सर रसोई गैस के लिए अधिकृत एजेंसी का चक्कर लगाना पड़ता है. वहीं भारत-नेपाल सीमा पर एसएसबी के जवानों द्वारा आये दिन तस्करी के गैस सिलिंडर जब्त किये जा रहे हैं. जाहिर तौर पर […]

विज्ञापन

वीरपुर : अनुमंडल क्षेत्र में रसोई गैस की किल्लत आम उपभोक्ताओं के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है. उपभोक्ताओं को अक्सर रसोई गैस के लिए अधिकृत एजेंसी का चक्कर लगाना पड़ता है. वहीं भारत-नेपाल सीमा पर एसएसबी के जवानों द्वारा आये दिन तस्करी के गैस सिलिंडर जब्त किये जा रहे हैं.

जाहिर तौर पर नेपाल में जारी मधेश आंदोलन की वजह से वहां गैस की किल्लत का फायदा तस्कर उठाने में लगे हुए हैं. स्थानीय उपभोक्ताओं की मानें तो तस्करी का यह खेल एजेंसी की मिली भगत से किया जा रहा है. गौरतलब है कि सीमा पर तैनात एसएसबी 45 वीं बटालियन के जवानों द्वारा गिरफ्तार तस्कर सुखदेव नायक, सौरभ सिन्हा व जंगनी ठाकुर ने एएसबी के समक्ष स्वीकार किया था कि उन्हें एजेंसी द्वारा 12 सौ रुपये प्रति सिलिंडर की दर से आपूर्ति की गयी थी.

उपभोक्ताओं ने गैस एजेंसी की मनमानी पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते उनके विरुद्ध तत्काल कार्रवाई की मांग की है. साथ ही उपभोक्ताओं को रसोई गैस सुलभ तरीके से उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है. कहते हैं उपभोक्तावार्ड नंबर 05 निवासी सुनील कुमार सिंह ने स्थानीय गैस एजेंसी पर मनमानी का आरोप लगाते कहा कि शुरुआती दौर से ही इनके क्रिया-कलाप की वजह से उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ता है.

राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित वयोवृद्ध अवकाश प्राप्त शिक्षक तीर्थानंद झा ने कहा कि एजेंसी द्वारा उपभोक्ताओं से सिलिंडर के एवज में निर्धारित दर से अधिक मूल्य वसूल किया जाता है. बावजूद अधिकारियों द्वारा कार्रवाई नहीं की जा रही है.वार्ड नंबर 02 निवासी सामाजिक कार्यकर्ता व शिक्षाविद् डॉ कामिनी झा ने एजेंसी के मनमाने रवैये पर आक्रोश व्यक्त करते हुए भारत पेट्रोलियम के उच्चाधिकारियों से एजेंसी की अनुज्ञप्ति तत्काल रद्द करने की मांग की है.

श्रीमती रंजना सिंह ने एजेंसी द्वारा बरती जा रही मनमानी के बारे में कहा कि शुरुआती समय से ही यह एजेंसी सब्सिडी की राशि उपभोक्ताओं के बैंक खाते में जमा कराये जाने में टाल-मटोल की नीति अपनाती रही है. वीणा देवी ने कहा कि रसौई गैस की बढ़ी कीमत के बाद 722 रुपये वाला सिलिंडर के लिए 750 से 760 रुपया वसूला जाता है.

मो मुर्तजा ने कहा कि एजेंसी के मनमाने रवैये के लिए स्थानीय प्रशासन दोषी है. कहा प्रशासनिक उदासीनता के कारण ही एजेंसी द्वारा मनमानी की जाती है. गौरतलब है कि एजेंसी द्वारा अनियमितता बरते जाने के मामले में पूर्व में एजेंसी मालिक संजय भारती पर स्थानीय थाने में मुकदमा भी दर्ज किया गया था. इसमें उन्हें जेल भी जाना पड़ा था.

कहते है एजेंसी मालिकएजेंसी मालिक संजय भारती ने कहा कि लगाये गये सारे आरोप बेबुनियाद है. एजेंसी से उपभोक्ताओं को कोई परेशानी नहीं है.कहते हैं अधिकारी एसडीओ अरुण कुमार सिंह ने बताया कि शिकायत मिली है. यदि सिलिंडर की ब्लैक मार्केटिंग नहीं हो रही है, तो भला तस्करों के पास सिलिंडर कहां से पहुंच रहा है.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन