नीतीश का दलित प्रेम दिखावा : जीतन राम मांझी

Published at :04 Nov 2015 5:57 AM (IST)
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नीतीश का दलित प्रेम दिखावा : जीतन राम मांझी

घैलाढ़/शंकरपुर(मधेपुरा) : प्रखंड मुख्यालय स्थित घैलाढ़ दुर्गा उच्च माध्यमिक विद्यालय मैदान में एनडीए गंठबंधन के पक्ष में मंगलवार को चुनावी सभा को संबोधित करते हुए पूर्व मुख्य मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा की आज नीतीश व लालू बिहार में परिवर्तन की बात करते हैं. बिहार को गर्त में धकेलने में सबसे बड़ा योगदान इन […]

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घैलाढ़/शंकरपुर(मधेपुरा) : प्रखंड मुख्यालय स्थित घैलाढ़ दुर्गा उच्च माध्यमिक विद्यालय मैदान में एनडीए गंठबंधन के पक्ष में मंगलवार को चुनावी सभा को संबोधित करते हुए पूर्व मुख्य मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा की आज नीतीश व लालू बिहार में परिवर्तन की बात करते हैं.
बिहार को गर्त में धकेलने में सबसे बड़ा योगदान इन नेताओं का ही है. 35 वर्षों तक कांग्रेस, 15 वर्षों तक राजद व 10 वर्षों तक जदयू ने बिहार में शासन किया. वे लोग आज लोगों को सब्जबाग दिखा कर पुन: बिहार को गर्त में धकेलना चाह रहे हैं. नीतीश का अहंकार ही उसे गर्त में धकेल रहे है.
आज लालू नीतीश विशेष राज्य की दर्जे की मांग करते हैं. जब बिहार में उनकी सरकार थी. केंद्र में कांग्रेस की सरकार थी, तब क्यों नहीं विशेष राज्य का दर्जा लिया. नीतीश ने गलती से दलित के बेटे को बिहार का मुख्यमंत्री बना दिया. उसने क्या समझा जीतन मांझी को जैसा कहेंगे, वैसा वह करेंगे. दलित के बेटे को मुख्यमंत्री का कुर्सी सौंपकर दलित प्रेम का दिखावा करना चाहते थे.
जब जनहित में अपना निर्णय खुद लेने लगा तो उसके पेट में दर्द होने लगा और हमे अपमानित कर कुरसी से बेदखल कर दिया. आज लालू व नीतीश भाजपा पर सांप्रदायिक होने का आरोप लगा रहे हैं. उनको पता होना चाहिए भाजपा के सहयोग के कारण ही लालू व नीतीश सीएम बनने में कामयाब हुए थे.
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