नक्सलियों के डर से घरों में दुबके लोग

Published at :19 Dec 2015 7:24 PM (IST)
विज्ञापन
नक्सलियों के डर से घरों में दुबके लोग

नक्सलियों के डर से घरों में दुबके लोग गांव को चारों ओर से घेर रखा था नक्सलियों ने 40-50 की संख्या में आये थे नक्सली घरवाले नक्सलियों से करते रहे आरजू-मिन्नत मामला- पूर्व नक्सली के बम विस्फोट कर घर उड़ाने का औरंगाबाद-नवीनगरमदनपुर में नौ दिसंबर को तीन लाख के इनामी नक्सली व चार दर्जन आपराधिक […]

विज्ञापन

नक्सलियों के डर से घरों में दुबके लोग गांव को चारों ओर से घेर रखा था नक्सलियों ने 40-50 की संख्या में आये थे नक्सली घरवाले नक्सलियों से करते रहे आरजू-मिन्नत मामला- पूर्व नक्सली के बम विस्फोट कर घर उड़ाने का औरंगाबाद-नवीनगरमदनपुर में नौ दिसंबर को तीन लाख के इनामी नक्सली व चार दर्जन आपराधिक मामलों के वांछित संजय यादव के घर प्रतिबंधित नक्सली संगठन भाकपा माओवादी ने जम कर उत्पात मचाया. शुक्रवार की रात 40 से 50 की संख्या में हथियारों से लैस नक्सली माली थाना क्षेत्र के पांडेय करमा टोले बेलबिगहा गांव पहुंचे और पूरे गांव को चारों तरफ से घेर लिया. नक्सलियों के अचानक धमक से पूरे गांव में सन्नाटा पसर गया. जो लोग अपने बैठका में या पड़ोसियों के साथ बैठे थे सभी दहशत से अपने-अपने घर में घुस गये. ठीक रात आठ बजे नक्सली संजय यादव के भाई विजय यादव के घर पहुंचे और पूरे परिवार को घर से निकलने को कहा. नक्सलियों के अचानक धमक से विजय यादव के साथ मां सोनापति कुंअर, विजय की पत्नी पार्वती देवी और छोटे भाई विनय यादव की पत्नी मालती देवी घबड़ा गयी. उन्हें बोलने का मौका नहीं दिया गया और जबरन घर से निकाल कर लगभग 500 मीटर दूर एक जगह पर बैठा कर बंधक बना लिया. नक्सली दस्ता के कुछ लोग घर के भीतर गये एवं उत्तर और दक्षिण के कमरों में दो सिलिंडर बम लगाया, फिर घर के सामने खड़ा ट्रैक्टर व समीप में ही लगे सोलर लाइट से बैटरी निकाली व सिलिंडर बम का तार जोड़ कर घर को विस्फोट से उड़ा दिया. विजय यादव अपने परिजनों के साथ नक्सलियों के सामने गिड़गिड़ाते हुए लाख मिन्नते की. यहां तक कहा कि पिछले पांच वर्ष से उसके भाई संजय यादव से कोई संबंध नहीं है. अलग-अलग रहते हैं. मां सोनापति कुंअर ने नक्सलियों के पैर तक पकड़ लिया. लेकिन, नक्सलियों पर कोई असर नहीं हुआ. घर को उड़ाने के बाद ट्रैक्टर को भी आग के हवाले कर दिया. ट्रैक्टर कुछ ही माह पूर्व खरीदा गया था. घटना का अंजाम देने के बाद नक्सली जो हमसे टकरायेगा चूर-चूर हो जायेगा का नारा लगाते हुए पश्चिम दिशा की ओर चले गये. जाते-जाते नक्सलियों ने खुशी जताते हुए फायरिंग भी की. घटनास्थल से तीन किलो का जिंदा बम बरामदनक्सलियों द्वारा संजय यादव के भाई विजय यादव के उड़ाये गये घर से शनिवार की सुबह डीएसपी पीएन साहू द्वारा किये जा रहे निरीक्षण के दौरान एक जिंदा बम भी बरामद हुआ. पीएन साहू ने बताया कि बिजली तार के द्वारा की बैटरी के माध्यम से विस्फोट किया जाने वाला एक सिलिंडर बम बरामद किया गया है. इसे निष्क्रिय करने के लिये जिला अधिकारी एवं बम निरोधक दस्ते को सूचित किया गया है. इस दस्ते को आने तक माली थानाध्यक्ष को जिम्मेवारी दी गयी है और सेफ जोन घेरे में रखते हुए उधर से किसी को भी नहीं जाने दिया जा रहा है. निरोधक दस्ता आते ही बम को निष्क्रिय कर देगी. उन्होंने बताया कि बरामद बम काफी शक्तिशाली है. जो लगभग एक सौ फुट की दूर तक किसी भी भवन को पूरी तरह ध्वस्त कर सकता है.एक घंटे तक नक्सलियों ने मचाया तांडवप्रतिबंधित भाकपा माओवादी नक्सली संगठन के हथियारबंद दस्ता लगभग एक घंटे तक बेल बिगहा गांव में तांडव मचाता रहा. गांव के ग्रामीण नक्सलियों के भय से अपने-अपने घरों में दुबक कर खिड़की और झरोखे के सहारे दृश्य निहारते रहे. ग्रामीणों का कहना था कि विस्फोट हुए बम की आवाज काफी जबरदस्त थी. ऐसा लग रहा था मानो कान के चदरे फट जायेंगे. पांच मिनट के अंतर पर दो बम एक -एक कर विस्फोट हुए, जिसकी आवाज तीन से पांच किलोमीटर की दूरी पर बसे आसपास के गांव थर्रा उठी. विस्फोट के कारण घर में रखे अनाज-कपड़े भी पूरी तरह नष्ट हो गये. घर के किनारे लगाये गये टीन का शेड उड़ कर गांव के दूसरों घरों तक जा गिरा. सारी कारगुजारी करने के बाद नक्सली फायरिंग करते पश्चिम दिशा की ओर निकल गये. नक्सलियों के कारगुजारी से गांव में पसरा सन्नाटा, दहशत उग्रवादी संगठन द्वारा दिये गये घटना का अंजाम से बेल बिगहा गांव समेत आसपास गांवों के भी ग्रामीण दहशत में है. बेल बिगहा गांव की स्थिति यह है कि दिन के उजाले में भी लोग घर से बाहर नहीं निकल रहे है. गांव की गलियों में सन्नाटा पसरा हुआ है और काफी डरे सहमे हुए है.गांव के इक्के-दुक्के लोगों से पूछने पर कुछ भी बताने को तैयार नहीं हैं. काफी पूछने पर सिर्फ मोटा-मोटी जवाब देते हुए कहते है कि हम सब घर में सोये हुए थे. इसी बीच रात साढ़े आठ बजे के लगभग जबर्दस्त विस्फोट हुए. सुबह जब उठ कर बाहर आये तो पता चली कि विजय यादव का घर उड़ा दिया गया है. एक साल पहले टीपीसी ने पिटाई के बाद खलिहान में लगायी थी आगएक वर्ष पूर्व संजय यादव व विजय यादव का परिवार नक्सली संगठन भाकपा माओवादी और टीपीसी (तृतीय प्रस्तुत कमेटी) के वर्चस्व की लड़ाई में नुकसान उठा चुका है. टीपीसी नक्सलियों ने पूरे परिवार की पिटाई करने के बाद खलिहान में आग लगा दी थी,जिससे हजारों रूपये का फसल जल कर नष्ट हो गया था.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन