संस्कृति, शिक्षा व सभ्यता के प्रति सकारात्मक विचार से ही होगा बदलाव

औरंगाबाद कार्यालय : बिहार दिवस के अवसर पर प्रभात खबर की ओर से आयोजित शृंखलाबद्ध कार्यक्रम की कड़ी के पहले दिन शुक्रवार को ‘कैसे हासिल होगा बिहार का गौरव’ पर शहर के बुद्धिजीवियों ने खुल कर बातें कीं. परिचर्चा के दौरान उन्होंने बिहार के गौरवशाली अतीत को याद करते हुए वर्तमान में सामंजस्य बैठाने की […]
औरंगाबाद कार्यालय : बिहार दिवस के अवसर पर प्रभात खबर की ओर से आयोजित शृंखलाबद्ध कार्यक्रम की कड़ी के पहले दिन शुक्रवार को ‘कैसे हासिल होगा बिहार का गौरव’ पर शहर के बुद्धिजीवियों ने खुल कर बातें कीं. परिचर्चा के दौरान उन्होंने बिहार के गौरवशाली अतीत को याद करते हुए वर्तमान में सामंजस्य बैठाने की कोशिश की.
बुद्धिजीवियों ने जहां एक ओर शिक्षा के क्षेत्र में नालंदा व विक्रमशिला विश्वविद्यालय की चर्चा की, तो दूसरी ओर मौजूदा शिक्षा व्यवस्था पर तंज कसा. प्राचीन गौरव को हासिल करने के लिए एक बात पर जोर दिया कि जब तक अपनी संस्कृति, शिक्षा व सभ्यता के प्रति सकारात्मक विचार नहीं रखेंगे, तब तक इसे प्राप्त करना संभव नहीं होगा. कहा-शिक्षा व संस्कृति का नीचे गिरना राज्य के विकास में बड़ा अवरोधक है. इसे बचाने के लिए विचारों की स्वतंत्रता अनिवार्य है. बिहार के पुराने गौरव को
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




