कलकत्ता हाईकोर्ट में अनियंत्रित हुई भीड़, कोर्ट से बाहर निकल गयीं जज, जानें पूरा मामला
Calcutta High Court News: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव की घोषणा से पहले प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की एक कार्रवाई ने बंगाल की राजनीति को हिलाकर रख दिया है. इस संबंध में कोर्ट में दाखिल 3 याचिकाओं पर सुनवाई के दौरान कोर्ट रूम में भारी भीड़ पहुंच गयी. न्यायाधीश के बार-बार आग्रह करने के बावजूद लोग कोर्ट रूम से बाहर नहीं निकले. आखिरकार सुनवाई टल गयी.
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Calcutta High Court News: कलकत्ता हाईकोर्ट में शुक्रवार को राजनीतिक परामर्श फर्म आई-पैक के कार्यालय और उसके निदेशक प्रतीक जैन के आवास पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की छापेमारी से जुड़ी याचिकाओं पर सुनवाई थी. हाईकोर्ट में भीड़ अनियंत्रित हो गयी. जस्टिस शुभ्रा घोष कोर्ट से बाहर निकल गयीं. सुनवाई नहीं हो सकी. ईडी, आई-पैक और ममता बनर्जी की पार्टी तृणमूल कांग्रेस की ओर से दाखिल याचिकाओं पर सुनवाई होनी थी, जो कोर्ट रूम में अत्यधिक भीड़ की वजह से टल गयी.
आई-पैक के ठिकानों पर रेड मामले की सुनवाई 14 जनवरी तक टली
जस्टिस शुभ्रा घोष ने कहा कि वे लोग कोर्ट रूम से बाहर चले जायें, जिनका इस याचिका से कोई संबंध नहीं है. जस्टिस घोष के बार-बार आग्रह करने के बावजूद कोर्ट में भीड़ कम नहीं हुई. भीड़ ने न्यायाधीश की अपील को अनसुना कर दिया. इसके बाद उन्होंने सुनवाई को 14 जनवरी तक टाल दिया.
Calcutta High Court News: ईडी, आई-पैक और टीएमसी की याचिका पर होनी थी सुनवाई
हाईकोर्ट को बृहस्पतिवार को उस नाटकीय घटनाक्रम के सिलसिले में ईडी, आई-पैक और तृणमूल कांग्रेस की ओर से दायर 3 याचिकाओं पर सुनवाई करनी थी, जिनके तहत मुख्यमंत्री ममता बनर्जी उन परिसरों पर पहुंची थीं, जहां केंद्रीय एजेंसी ने तलाशी ली थी. उन्होंने जांचकर्ताओं पर आगामी पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों से पहले पार्टी से जुड़ा संवेदनशील डेटा जब्त करने की कोशिश करने का आरोप लगाया था.
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जब्त डेटा का ‘दुरुपयोग और प्रसार’ रोकने की कोर्ट से अपील
तृणमूल कांग्रेस के आईटी सेल आई-पैक ने अपनी रिट याचिका में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को तलाशी के दौरान जब्त किये गये डेटा के ‘दुरुपयोग और प्रसार’ से रोकने के लिए न्यायिक हस्तक्षेप का अनुरोध किया है. वहीं, ईडी ने तृणमूल पर जांच में हस्तक्षेप करने का आरोप लगाते हुए बृहस्पतिवार के घटनाक्रम की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) को सौंपने का आग्रह किया है.
ममता बनर्जी और अधिकारियों को ईडी ने बनाया है प्रतिवादी
ईडी ने अपनी याचिका में ममता बनर्जी और राज्य सरकार के कुछ अधिकारियों को प्रतिवादी बनाया है. वहीं, तृणमूल कांग्रेस ने केंद्र सरकार के खिलाफ याचिका दायर की है. आई-पैक की ओर से भी एक याचिका हाईकोर्ट में दाखिल की गयी है, जिसमें ईडी को यह निर्देश देने का आग्रह किया गया है कि जब्त किये गये दस्तावेजों को सार्वजनिक न किया जाये.
