JPSC-JSSC CGL Exam Scam: हाइकोर्ट में जेपीएससी और जेएसएससी सीजीएल समेत 22 भर्तियों को रद्द करने संबंधी राज्य सरकार की अधिसूचना को चुनौती देनेवाली याचिकाओं पर सुनवाई हुई. जस्टिस दीपक रोशन की अदालत में करीब एक घंटे तक मामले में विस्तृत बहस हुई. सुनवाई के दौरान अदालत ने कहा कि जांच एजेंसी अपना काम करेगी, लेकिन यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि वास्तविक दोषी जेल जाएं और किसी निर्दोष व्यक्ति के साथ कठोरता न हो.
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SIT जांच की निगरानी करेंगे रिटायर्ड जस्टिस गौतम चौधरी
अदालत ने नियुक्ति रद्द करने से जुड़े मामलों की जांच कर रही एसआईटी की निगरानी के लिए हाइकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश जस्टिस गौतम कुमार चौधरी को मॉनिटर/ऑब्जर्वर नियुक्त किया है. अदालत ने स्पष्ट किया कि इसका उद्देश्य जांच में किसी तरह का हस्तक्षेप करना नहीं है. निगरानी का मकसद यह सुनिश्चित करना है कि जांच के दौरान किसी अभ्यर्थी या अन्य नागरिक को अनावश्यक रूप से परेशान नहीं किया जाए.
अदालत ने कहा कि यदि किसी नियुक्त अभ्यर्थी को जांच के दौरान उत्पीड़न की शिकायत होती है, तो वह रिटायर्ड जज के समक्ष अपनी शिकायत कर सकता है. इससे जांच की प्रक्रिया पर नजर रखने के साथ-साथ अभ्यर्थियों के हितों की भी रक्षा हो सकेगी.
पहली नजर में सभी नियुक्तियां सही या गलत नहीं
अदालत ने सुनवाई के दौरान यह भी कहा कि अब तक हुई सुनवाई और सामने आए तथ्यों के आधार पर पहली नजर में ऐसा नहीं लगता कि सभी नियुक्तियां पूरी तरह सही हैं या सभी नियुक्तियां पूरी तरह गलत हैं. अदालत ने जांच एजेंसी को अपना काम करने की बात कही, साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि जांच के दौरान निर्दोष लोगों के साथ किसी तरह की कठोरता नहीं होनी चाहिए.
