आरओएम की बजाय महंगे स्टीम कोयला की आपूर्ति

Updated at : 11 Jul 2018 6:46 AM (IST)
विज्ञापन
आरओएम की बजाय महंगे स्टीम कोयला की आपूर्ति

धनबाद : बीसीसीएल के इस्टर्न झरिया एरिया (भौंरा) में रोड सेल के नाम पर कोयला आपूर्ति में भारी अनियमितता का मामला प्रकाश में आया है. आरोप है कि स्थानीय सेल्स अधिकारी, डीओ होल्डर और सिंडिकेट की सांठगांठ से पिछले कई माह से इजे एरिया की साउथ कोलियरी से आरओएम के नाम पर स्टीम कोयला की […]

विज्ञापन
धनबाद : बीसीसीएल के इस्टर्न झरिया एरिया (भौंरा) में रोड सेल के नाम पर कोयला आपूर्ति में भारी अनियमितता का मामला प्रकाश में आया है. आरोप है कि स्थानीय सेल्स अधिकारी, डीओ होल्डर और सिंडिकेट की सांठगांठ से पिछले कई माह से इजे एरिया की साउथ कोलियरी से आरओएम के नाम पर स्टीम कोयला की आपूर्ति हो रही है. कोयला के ग्रेड में हेराफेरी के इस खेल में प्रतिमाह बीसीसीएल को करोड़ों रुपये का चूना लग रहा है. दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति यह कि बीसीसीएल के कुछ भ्रष्ट अधिकारी कंपनी को लाभ पहुंचाने की बजाय निजी स्वार्थ के लिए सिंडिकेट व डीओ होल्डरों को लाभ पहुंचाने में जुटे हैं.
क्या है मामला : बताते हैं कि बीसीसीएल के इजे एरिया की भौंरा साउथ कोलियरी के थ्री पीट में ई-ऑक्शन के जरिए 60 हजार टन आरओएम कोयला का रोड सेल हो रहा है. इस दौरान लिफ्टरों को आरओएम के बजाय महंगे स्टीम कोयला की आपूर्ति की जा रही है. सूत्रों की माने तो नियमों को ताक पर रख कर कोयला आपूर्ति का यह सिलसिला पिछले कई माह से जारी है.
स्टॉक में कोयला का अभाव, बावजूद ऑफर : बताते हैं कि इजे एरिया प्रबंधन द्वारा स्टॉक में कोयला नहीं होने के बावजूद ऑफर दिया जाता है. स्टॉक में पांच हजार टन से अधिक कोयला नहीं होता है. सूत्रों की माने तो ई-ऑक्शन के जरिये मई और जून में 90 व 60 हजार टन आरओएम कोयला की नीलामी की गयी है, जबकि परियोजना के स्टॉक यार्ड में पर्याप्त मात्रा में आरओएम कोयला का अभाव है. इस कारण एलॉटमेंट के बाद जब कोयला आपूर्ति की बात आती है तो स्टॉक की बजाय खदान के कोयला की आपूर्ति डीओ होल्डरों को कर दी जाती है.
प्रतिमाह 1.08 करोड़ रुपये की वसूली
इजे एरिया की भौंरा साउथ कोलियरी से प्रतिदिन 50 से 60 गाड़ियों का एलॉटमेंट किया जाता है. सूत्रों की माने तो प्रतिदिन गाड़ी औसतन 10,500 रुपये की वसूली की जाती है. यानी प्रतिदिन 3.6 लाख यानी प्रतिमाह 1.08 करोड़ रुपये की वसूली की जा रही है. इस पैसे का बंटवारा स्थानीय प्रबंधक, स्थानीय सेल्स अधिकारी, स्थानीय पार्षद व कांटा बाबू आदि में किया जाता है.
10 टन तक की कोयला लोडिंग पर 3500 तक की वसूली होती है. जैसे-जैसे ट्रक में कोयला की क्षमता बढ़ती जाती है, वैसे-वैसे डीओ होल्डरों को प्रतिटन 175 रुपये सरप्लस जोड़ कर देने पड़ते हैं. यदि डीओ होल्डर एक गाड़ी में 15 टन कोयला लोड कराते हैं, तो उनसे सिंडिकेट द्वारा 4375 रुपये की वसूली की जाती है.
पार्षद ने भेजा पीएमओ को पत्र
वार्ड 50 के पार्षद चंदन महतो ने इजे एरिया में हो रही इस गड़बड़ी की शिकायत प्रधानमंत्री कार्यालय से की है. पीएमओ को भेजे गये पत्र में श्री महतो ने आरोप लगाया है कि इजे एरिया के कुछ भ्रष्ट अधिकारी सिंडिकेट के साथ सांठगांठ कर डीओ होल्डरों से प्रति ट्रक करीब 10 हजार तक की वसूली करते हैं. डीओ होल्डरों को आरओएम कोयला की जगह स्टीम कोयला दिया जाता है. इस कारण बीसीसीएल को औसतन प्रति ट्रक 50,000 तक का नुकसान हो रहा है. इतना ही नहीं कांटा घर से ओवर लोड गाड़ियों को बिना कोयला गिराये ही छोड़ दिया जाता है.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola