Chaibasa News : सरकारी संपत्ति हमारे देश की धरोहर

गुवा. सीआरपीएफ की 26वीं वाहिनी ने निकाली साइकिल रैली, वक्ता बोले

गुवा. भारत सरकार के निर्देशानुसार 24 से 30 नवंबर 2025 तक चल रहे नागरिक भावना एवं सार्वजनिक संपत्ति सुरक्षा जागरुकता अभियान के तहत रविवार को सीआरपीएफ की 26वीं वाहिनी ने विशेष जागरुकता कार्यक्रम और साइकिल रैली का आयोजन किया. कार्यक्रम का संचालन कमांडेंट राजीव रंजन के मार्गदर्शन में हुआ. उनके निर्देश पर डी-26वीं वाहिनी, केंद्रीय सुरक्षाबल किरीबुरु कैंप से रैली शुरू होकर आसपास के क्षेत्रों से गुजरी. रैली का उद्देश्य नागरिकों में सार्वजनिक संपत्ति की सुरक्षा, सामाजिक उत्तरदायित्व और राष्ट्र के प्रति संवेदनशीलता को बढ़ावा देना था. अभियान में द्वितीय कमान अधिकारी प्रकाश चंद्र बादल की महत्वपूर्ण भूमिका रही. उनके साथ निरीक्षक जीडी अंजू कुमार सिंह, निरीक्षक जीडी अलार डुगडुग (समवाय अधिकारी डी-26 बटालियन) समेत सभी जवानों की सक्रिय भागीदारी रही. जवानों ने साइकिल मार्च के माध्यम से यह संदेश दिया कि सरकारी संपत्ति देश की साझा धरोहर है, जिसकी रक्षा हर नागरिक का कर्तव्य है. रैली के दौरान लोगों से अपील की गयी कि वे सरकारी भवनों, सड़कों, विद्यालयों, अस्पतालों और अन्य सार्वजनिक परिसंपत्तियों की सुरक्षा में सहयोग करें. साथ ही स्वच्छता, अनुशासन और जिम्मेदारी जैसे मूल्यों का पालन कर राष्ट्रीय संसाधनों के संरक्षण में योगदान दें. कैंप के आसपास के नागरिकों ने सीआरपीएफ की इस पहल की सराहना की. लोगों का कहना था कि ऐसे अभियान समाज में सकारात्मक सोच लाते हैं और नयी पीढ़ी को जिम्मेदार नागरिक बनने की प्रेरणा देते हैं.

दृष्टिबाधित बच्चों ने दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश

नोवामुंडी. अंतरराष्ट्रीय दिव्यांगजन सप्ताह के चौथे दिन रविवार को नोवामुंडी में आयोजित पौधरोपण कार्यक्रम ने न केवल पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया बल्कि दृष्टिबाधित बच्चों की भागीदारी ने सबका दिल छू लिया. कार्यक्रम में आठ दृष्टिबाधित बच्चों ने पौधे लगाये और हरियाली का संकल्प लिया. बच्चों ने मिट्टी की नमी और पौधों के स्पर्श से प्रकृति को महसूस किया. यह अनुभव उनके लिए आत्मिक जुड़ाव का प्रतीक बना. विशेषज्ञों ने पर्यावरण संतुलन में वृक्षों की भूमिका और रोपण तकनीक की जानकारी दी. आयोजन का उद्देश्य दिव्यांगजनों को पर्यावरण संरक्षण की मुख्यधारा से जोड़ना और उनकी क्षमता को समाज में सम्मान दिलाना रहा. कार्यक्रम को सफल बनाने में सबल सेंटर टीम और समुदाय के कई सदस्यों का उल्लेखनीय योगदान रहा.

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By Atul pathak

अतुल पाठक ने दून ग्लोबल यूनिवर्सिटी, देहरादून से मास्टर डिग्री पूरी की है. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में करीब तीन वर्षों का अनुभव है. पिछले दो वर्षों से वे प्रभात खबर से जुड़े हैं और कोल्हान क्षेत्र की खबरों को कवर कर रहे हैं. इससे पहले इंडिया न्यूज और दैनिक जागरण के साथ काम करने का अनुभव है. स्थानीय मुद्दों, जनसरोकार और क्षेत्र से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरों पर उनकी मजबूत पकड़ है. पत्रकारिता के अलावा उन्हें क्रिकेट में विशेष रुचि है.

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