मानव-वन्यजीव संघर्ष पीड़ितों को मिलेगा न्याय व सहायता
नालसा की नई योजना की दी गई जानकारी
– चकडुमरिया में विधिक जागरूकता शिविर आयोजित
– नालसा की नई योजना की दी गई जानकारी
– ग्रामीणों को मुआवजा एवं मुफ्त कानूनी सहायता के प्रति किया गया जागरूक
सुपौल.
बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, पटना के निर्देश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकार, सुपौल के सचिव मो अफजल आलम के मार्गदर्शन में चकडुमरिया गांव में विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया.
कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीणों को राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (नालसा) द्वारा शुरू की गई मानव-वन्यजीव संघर्ष पीड़ितों के लिए न्याय तक पहुंच योजना-2025 की जानकारी देना तथा उनके अधिकारों के प्रति जागरूक बनाना था. कार्यक्रम में पैनल अधिवक्ता एवं पारा विधिक स्वयंसेवकों ने उपस्थित ग्रामीणों, विशेषकर महिलाओं को योजना के विभिन्न प्रावधानों की विस्तार से जानकारी दी. बताया गया कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य जंगलों के आसपास रहने वाले लोगों, आदिवासी समुदायों तथा मानव-वन्यजीव संघर्ष से प्रभावित परिवारों को कानूनी सहायता, मुआवजा और न्याय उपलब्ध कराना है.
पीड़ितों को मिलेगा मुआवजा और मुफ्त कानूनी सहायता
कार्यक्रम के दौरान बताया गया कि यदि हाथी, बाघ, तेंदुआ अथवा अन्य जंगली जानवरों के कारण किसी व्यक्ति की जान-माल, फसल या घर को नुकसान पहुंचता है, तो पीड़ितों को सरकारी मुआवजा दिलाने में विधिक सेवा संस्थाएं सहायता करेंगी. इसके अलावा जरूरतमंद लोगों को मुफ्त कानूनी सलाह और न्यायालय अथवा संबंधित प्राधिकरणों तक पहुंचने के लिए निःशुल्क अधिवक्ता भी उपलब्ध कराया जाएगा.
ग्रामीणों को सुरक्षा और अधिकारों की दी गई जानकारी
जागरूकता कार्यक्रम में ग्रामीणों को वन्यजीवों से बचाव के उपाय, जंगलों से संबंधित नियमों तथा मानव-वन्यजीव संघर्ष की स्थिति में अपनाई जाने वाली कानूनी प्रक्रियाओं के बारे में भी जानकारी दी गई. वक्ताओं ने कहा कि जागरूकता के माध्यम से ही ग्रामीण अपने अधिकारों का लाभ उठा सकते हैं और समय पर उचित सहायता प्राप्त कर सकते हैं. कार्यक्रम में पैनल अधिवक्ता श्रीमती शक्ति कुमारी सारिका, पारा विधिक स्वयंसेवक मो. निजाम एवं मो. सज्जाद सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण महिलाएं उपस्थित थीं. उपस्थित लोगों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम ग्रामीण क्षेत्रों में कानूनी जानकारी पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं.