सरकारी गोदाम के नर्मिाण के बाद भी किराये के भवन में गोदाम संचालित

Published at :30 Nov 2015 6:44 PM (IST)
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सरकारी गोदाम के नर्मिाण के बाद भी किराये के भवन में गोदाम संचालित

सरकारी गोदाम के निर्माण के बाद भी किराये के भवन में गोदाम संचालित फोटो -03कैप्सन – गोदाम जाने का जर्जर रास्ताप्रतिनिधि, निर्मली प्रखंड मुख्यालय स्थित बिहार राज्य खाद्य निगम के दो गोदाम रहने के बावजूद पहुंच पथ के अभाव में खाद्यान्न का रख रखाव भाड़े के गोदाम में किया जा रहा है. ज्ञातव्य हो कि […]

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सरकारी गोदाम के निर्माण के बाद भी किराये के भवन में गोदाम संचालित फोटो -03कैप्सन – गोदाम जाने का जर्जर रास्ताप्रतिनिधि, निर्मली प्रखंड मुख्यालय स्थित बिहार राज्य खाद्य निगम के दो गोदाम रहने के बावजूद पहुंच पथ के अभाव में खाद्यान्न का रख रखाव भाड़े के गोदाम में किया जा रहा है. ज्ञातव्य हो कि बिहार राज्य खाद्य निगम द्वारा वित्तीय वर्ष 2011-12 एवं 2012-13 में मुख्यालय स्थित दो गोदाम बनाया गया. गोदामों की क्षमता 500 एमटी का है. लेकिन रास्ते के अभाव में गोदाम तक लोडेड वाहन का पहुंच पाना असंभव है. जिसके कारण दस लाख चौक स्थित किराये पर गोदाम लेकर उठाव व रखाव का कार्य किया जाता है. गोदाम के निर्माण के बाद उसमें सामग्रियों को रखने का कार्य प्रारंभ किया गया. लेकिन एप्रोच पथ के अभाव में गोदाम का इस्तेमाल नहीं हो पा रहा है. मालूम हो कि गोदाम को जोड़ने वाली कच्ची सड़क की स्थिति काफी जर्जर है . जिस कारण लोडेड वाहन तो क्या खाली वाहन का भी गोदाम तक पहुंच पाना मुमकिन नहीं है. जबकि इस परिक्षेत्र में कृषि कार्यालय व मवेशी अस्पताल भी संचालित है. गोदाम सहित सरकारी कार्यालय स्थित रहने के बावजूद भी एप्रोच पथ को लेकर स्थानीय प्रशासन का इस ओर कोई पहल नहीं की गयी है. चौक के समीप गोदाम रहने से परेशानी हैरत की बात है कि सरकारी गोदाम बनाये जाने की बाद भी किराये के भवन में गोदाम संचालित है. साथ ही बढ़ रही निरंतर जनसंख्या के कारण वाहनों के परिचालन में भी काफी बढ़ोतरी हुई है. दस लाख चौक स्थित संचालित भाड़े के गोदाम के समीप वाहनों का जमावड़ा हो जाता है. साथ ही अधिकांश समय जाम की समस्या उत्पन्न होती है. जिसका खामियाजा आम जनों को उठानी पड़ रही है. वहीं मुख्यालय में दो गोदाम रहने के बावजूद किराये पर गोदाम रखे जाने से सरकारी राजस्व का भी दुरुपयोग हो रहा है. स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्षों से इस भाड़े के भवन में एसएफसी का गोदाम संचालित है. जिस कारण ट्रक और ट्रैक्टर सहित अन्य वाहनों को चालक द्वारा चौक के समीप खड़ी की जाती है. वाहनों के काफी समय तक रुकने से यात्री वाहन सहित आवाजाही करने वालों लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है. लोगों ने बताया कि सरकार द्वारा प्रखंड मुख्यालय में दो गोदाम बनवाया गया है. जबकि विभाग जितनी राशि किराये के गोदाम पर खर्च कर रही है. उक्त राशि को पहुंच पथ में खर्च करें या फिर सड़क निर्माण की दिशा में पहल करे तो लाखों की लागत से बनाये गये भवन का सदुपयोग भी होगा. साथ ही जाम की समस्या से भी निजात मिल जायेगा. बताया कि विभागीय उदासीनता के कारण गोदाम की स्थिति भी दयनीय होती जा रही है. इधर निर्माण एजेंसी के द्वारा निर्माण कार्य में घटिया सामग्री के उपयोग किये जाने के कारण गोदाम के दीवार से ईंटे खिसकती नजर आ रही है. साथ ही छत का चदरा जीर्ण शीर्ण अवस्था में है.कहते हैं पदाधिकारीजिला सहायक सह आपूर्ति पदाधिकारी मोईन अंसारी ने बताया कि एप्रोच पथ के लिये विभाग को सूचित कर दिया गया है. बताया कि गोदाम निर्माण के बाद कुछ दिनों तक समुचित रख रखाव किया गया. स्थिति को जल्द ही सुदृढ़ कर लिया जायेगा

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