Hajipur News: (गोपाल कुमार राय) नेशनल हाई-वे को जाम मुक्त रखने एवं सुगम यातायात के लिए कुछ दिन पूर्व ही सुप्रीम कोर्ट निर्देश जारी कर चुकी है. इसके बाद भी विभिन्न नेशनल हाई-वे पर धड़ल्ले से ट्रक चालकों का कब्जा कायम रहता है. जो आए दिन बड़े सड़क हादसे का कारण बन रहे है.
हाई-वे किनारे खड़ी ट्रकों के बॉडी पर न तो रिफलेक्टर पट्टी लगी होती है और न उसका बैक लाइट जलता रहता है. इसके कारण कई बार पीछे या सामने से आ रही तेज रफ्तार गाड़ियां ट्रकों से टकरा कर कई लोगों को काल के गाल में समेट ले जाती है.
इसका सबसे बड़ा कारण जिला प्रशासन तथा यातायात विभाग के अधिकारियों की लापरवाही है. सुप्रीम कोर्ट के गाइडलाइन के अनुसार हाई-वे एवं अन्य प्रमुख सड़कों के किनारे किसी भी बड़ी या मालवाहक वाहनों को खड़ा कराना अपराध है. इसके बाद भी ट्रक चालक हाई-वे किनारे गाड़ी खड़ी कर देते है.
एनएच-22 पर अक्सर खड़ी रहती है ट्रकें
वैशाली जिला स्थित हाजीपुर-मुजफ्फरपुर एनएच 22 पर सराय टोल प्लाजा से लेकर भगवानपुर थाना क्षेत्र के बाजार स्थित ओवरब्रिज तथा अन्य कई स्थानों समेत गोढीयां पुल तक ट्रक चालकों की मनमानी सिर चढ़ कर बोलती है.
कई स्थानों पर खासकर लाइन होटलों के समीप सड़क किनारे हाई-वे पर ही ट्रक चालक घंटों गाड़ी खड़ी कर होटलों में खाना खाने तथा आराम फरमाने चले जाते हैं. नतीजतन सड़क का एक लेन ट्रकों से भर जाता है. जिसके कारण आए दिन दुर्घटनाएं होते रहती हैं.
खास बात यह है कि हाई-वे पर सराय से लेकर गोढीया पुल तक सराय और भगवानपुर थाने की गस्ती गाड़ी दिन एवं रात में दर्जनों बार आती जाती है लेकिन हाई-वे पर खड़ी बड़ी-बड़ी ट्रकों पर पुलिस अधिकारियों की नजर भी नहीं पहुंचती है. खासकर पटेढा स्थित टाेल प्लाजा पर तो ट्रक चालकों द्वारा ऐसे बेतरतीब गाड़ियां खड़ी की जाती है जिससे आए दिन दुर्घटनाएं होती है.
NH 122 बी पर भी ट्रक चालकों का रहता है कब्जा
हाजीपुर से समस्तीपुर जाने वाली एनएच 122 बी पर इंडस्ट्रियल एरिया में दिन रात हाई-वे पर ट्रक चालकों का कब्जा रहता है. खासकर माल फैक्ट्रियों में माल लाने एवं ले जाने के दौरान लोडिंग एवं अनलोडिंग को लेकर घंटों ट्रक चालकों को इंतजार करना पड़ता है. इसके लिए फैक्ट्रियों में पार्किंग की व्यवस्था नहीं होने के कारण बड़ी-बड़ी ट्रक हाई-वे के दोनों किनारे दिन रात खड़े रहते है.
इससे जहां हादसे की आशंका बनी रहती है. इसके साथ ही जाम लगने पर घंटों वाहनों को खड़े रहना पड़ता है.
इसी मार्ग पर जंदाहा, महनार एवं बिदुपुर थाना क्षेत्र में भी कई स्थानों पर हाई-वे किनारे खड़े वाहनों से टक्कर में दर्जनों लोग अपनी जान गवां चुके है. इसके बाद भी प्रशासन की नजर इस पर नहीं पहुंच रही है.
शादी कर लौट रहे 4 लोगों की एक साथ हुई थी मौत
जंदाहा प्रखंड के महिसौर थाना क्षेत्र के पंसल्ला चौक के पास वर्ष 2025 में 8 अप्रैल को हाई-वे पर खड़ी ट्रक में एक स्विफ्ट डिजायर कार ने जबरदस्त ठोकर मार दी थी.
कार में दुल्हा-दुल्हन समेत सात लोग सवार थे. जिसमें कार सवार दुल्हन समेत चार लोगों की घटना स्थल पर ही दर्दनाक मौत हो गयी थी. सभी कार सवार बिदुपुर थाना क्षेत्र के एक ही गांव के रहने वाले थे. मृतकों में दो महिला तथा एक बच्ची भी शामिल थी.
घटना के बाद आक्रोशित लोगों ने घंटों सड़क जाम कर हंगामा किया था. उक्त घटना का कारण भी हाई-वे किनारे खड़ी ट्रक बनी थी.
क्या कहते है अधिकारी
जिला पदाधिकारी एवं परिवहन विभाग के निर्देश पर जिले के विभिन्न हाई-वे पर नो पार्किंग जोन में गाड़ी खड़ी करने वाले चालकों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है. अभियान के तहत सड़क किनारे गाड़ी खड़ी करने पर 25 सौ रुपये जुर्माना वसूलने का प्रावधान है.
इसके तहत कार्रवाई भी की जा रही है. वहीं ट्रकों पर रिफ्लेक्टेड टेप लगाना अनिवार्य है. टेप नहीं लगाने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई की जा रही है. इंडस्ट्रियल एरिया में सीपेट के पास जगह नहीं रहने के कारण माल अनलोड करने के लिए ट्रक को सड़ कर पर खड़ी की जाती है. वैसे ट्रक चालकों का भी चालान काटा जा रहा है.
इसे भी पढ़ें: गोपालगंज के किसानों के लिए खुशखबरी: 75% अनुदान पर मिलेगा नारियल का पौधा, पहले आओ-पहले पाओ के आधार पर मिलेगा लाभ
