Begusarai News: बेगूसराय में जंतर-मंतर आंदोलन के समर्थन में प्रदर्शन कर रहे छात्र-युवाओं पर हुए पुलिस लाठीचार्ज की वामदलों ने कड़े शब्दों में निंदा की है. भाकपा-माले के जिला सचिव दिवाकर प्रसाद, खेग्रामस के जिला सचिव चंद्रदेव वर्मा, किसान महासभा के जिलाध्यक्ष नवलकिशोर सिंह और सीपीएम नेता दयानिधि चौधरी ने संयुक्त बयान जारी कर पुलिसिया कार्रवाई का विरोध जताया और गिरफ्तार छात्रों की अविलंब रिहाई की मांग की.
देश बदलाव के मार्ग पर, तानाशाही के खिलाफ सड़कों पर युवा: वाम नेता
वाम नेताओं ने छात्र-युवाओं के आंदोलन का समर्थन करते हुए कहा कि बिहार और पूरा देश अब बदलाव के मार्ग पर अग्रसर है. केंद्र की तानाशाही नीतियों के खिलाफ युवाओं का आक्रोश चरम पर है और यह आंदोलन सरकार को हटाकर ही दम लेगा. उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज उठा रहे छात्रों पर पुलिस का दमन पूरी तरह से असंवैधानिक और निंदनीय है.
नीट-नेट को रद्द करने और पीड़ित परिवारों को मुआवजे की मांग
नेताओं ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के तुरंत इस्तीफे की मांग की. साथ ही नीट (NEET) और नेट (NET) परीक्षाओं में हुई धांधली के कारण इसे पूरी तरह से रद्द करने की बात कही. वामदलों ने मांग रखी कि पेपर लीक के कारण आत्महत्या करने वाले या प्रभावित छात्रों के आश्रित परिवारों को 1-1 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाए और आंदोलनकारी छात्रों पर पुलिसिया दमन तत्काल बंद किया जाए.
