बीते वित्त वर्ष में आरा जंक्शन कई स्टेशनों को छोड़ा पीछे, पर कमाई के अनुपात में यात्री सुविधा नहीं
Published by : Prabhat Khabar News Desk Updated At : 27 Apr 2024 10:25 PM
विज्ञापन
पिछले वित्त वर्ष यानी अप्रैल 2023 से मार्च 2024 की अवधि के यात्री राजस्व और यात्री संख्या के आंकड़ों के अनुसार आरा जंक्शन ने राज्य के कई महत्वपूर्ण शहरों को पीछे छोड़ते हुए सूची में 11वां स्थान बरकरार रखा है.
विज्ञापन
आरा.
पिछले वित्त वर्ष यानी अप्रैल 2023 से मार्च 2024 की अवधि के यात्री राजस्व और यात्री संख्या के आंकड़ों के अनुसार आरा जंक्शन ने राज्य के कई महत्वपूर्ण शहरों को पीछे छोड़ते हुए सूची में 11वां स्थान बरकरार रखा है. ये आंकड़े पूमरे ने जारी किये हैं. इन आकड़ों में पिछले वित्त वर्ष में आरा जंक्शन को यात्री राजस्व से 98 करोड़, 65 लाख रुपये की आय हुई. जिसमें आरक्षित टिकटों से 68 करोड़, 38 लाख और अनारक्षित टिकटों से 30 करोड़, 27 लाख रुपये लगभग आय शामिल है. वहीं लगातार दूसरे साल भी यात्री संख्या के हिसाब से एक करोड़ी क्लब में शामिल रहा. एक साल की अवधि में आरा स्टेशन पर यात्रियों की फुट फाल संख्या 1 करोड़, 12 लाख रही. टॉप 30 स्टेशनों की सूची में टॉप 3 पटना, मुजफ्फरपुर और दानापुर रहे. वहीं शाहाबाद क्षेत्र के अन्य स्टेशनों में बक्सर का स्थान आरा से पीछे 12वां, 19वें स्थान पर डिहरी, 21वें पर सासाराम और 38वें पर भभुआ रोड रहा. जिले के आरा जंक्शन रेल फैन क्लब के सदस्यों ने मीडिया को बताया कि दुर्ग आरा, वंदे भारत जैसी ट्रेनों की पहुंच आरा तक होने से जिले के जो यात्री अन्यत्र स्टेशनों से ट्रेन पकड़ते थे. उन्हें सीधी ट्रेन सेवा मिली जिसका परिणाम है कि पिछले साल के मुकाबले इस साल राजस्व में 19 करोड़ की रिकॉर्ड वृद्धि दर्ज हुई, आरा जं में राज्य का नया रेल हब बनने की अपार संभावनाएं मौजूद हैं. मगर आश्वासनों और वायदों के बावजूद दिल्ली, हावड़ा, सूरत आदि शहरों के लिए सीधी ट्रेनें नहीं मिल पायी. आगे कहा कि भोजपुर और आसपास के जिलों से माइग्रेशन का पैटर्न अब देश के मेट्रो शहरों की ओर है मगर ज्यादा फोकस केवल झारखंड की ट्रेनों पर रहा. आरटीआइ द्वारा प्राप्त एक अन्य सूचना के अनुसार धनबाद से आरा के लिए फिलहाल किसी ट्रेन का प्रस्ताव नहीं है. धनबाद कमर्शियल डिवीजन ने यह सूचना दी है. यात्री संगठनों को उम्मीद है कि चुनाव बाद दिल्ली, हावड़ा की ट्रेन मिलेगी और इंदौर तथा राजधानी का ठहराव भी मिलेगा. प्रीमियम और डायरेक्ट ट्रेन सेवाओं का सीधा असर स्टेशन के राजस्व से होता है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन










