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SIR in Bengal: कलकत्ता हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश सुजय पॉल ने एक समिति का गठन किया है. यह समिति पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कवायद से संबंधित कार्यों में न्यायिक अधिकारियों की व्यस्तता के कारण जरूरी मामलों को अन्य अदालतों में स्थानांतरित करने की अंतरिम व्यवस्था की निगरानी करेगी.
सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट को दिया था असाधारण आदेश
सुप्रीम कोर्ट ने पश्चिम बंगाल सरकार और निर्वाचन आयोग के बीच जारी गतिरोध को लेकर 20 फरवरी को अप्रसन्नता जताते हुए राज्य में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण में निर्वाचन आयोग की सहायता के लिए सेवारत और पूर्व जिला न्यायाधीशों को तैनात करने का शुक्रवार को असाधारण निर्देश दिया था.
हाईकोर्ट की कमेटी में जज और रजिस्ट्रार
हाईकोर्ट प्रशासन की ओर से जारी एक अधिसूचना में कहा गया है कि मुख्य न्यायाधीश ने शनिवार को न्यायमूर्ति तपब्रत चक्रवर्ती, न्यायमूर्ति अरिजीत बनर्जी, रजिस्ट्रार जनरल नवनीता रे, रजिस्ट्रार (न्यायिक सेवा) राजू मुखर्जी और मुख्य न्यायाधीश के संयुक्त रजिस्ट्रार-सह-सचिव अजय कुमार दास को लेकर एक समिति का गठन किया है, ताकि अंतरिम राहत या अत्यावश्यक प्रकृति के मामलों को वैकल्पिक अदालतों में स्थानांतरित करने की अंतरिम व्यवस्था पर गौर किया जा सके.
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न्यायिक अधिकारियों की 9 मार्च तक रद्द कर दी छुट्टियां
मुख्य न्यायाधीश ने पश्चिम बंगाल की विभिन्न अदालतों में तैनात सभी न्यायिक अधिकारियों की छुट्टियां 9 मार्च तक रद्द करने का आदेश दिया है. राज्य में एसआईआर का काम तेजी से पूरा करने के लिए सुप्रीम कोर्ट की ओर से जारी आदेश का पालन करने के लिए हाईकोर्ट ऐसा किया है. हाईकोर्ट ने प्रत्येक जिले में जिला जज, जिला मजिस्ट्रेट और एसपी को मिलाकर भी एक समिति का गठन किया है.
SIR in Bengal: हाईकोर्ट में हुई बैठक में ये हुए शामिल
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर चीफ जस्टिस सुजय पॉल ने शनिवार को हाईकोर्ट में एक हाई लेवल मीटिंग की. इस मीटिंग में राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी, मुख्य सचिव, गृह सचिव, पुलिस महानिदेशक, महाधिवक्ता, केंद्र का प्रतिनिधित्व करने वाले अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल और रजिस्ट्रार जनरल शामिल हुए.
