खास बातें
Mamata Banerjee on Exit Polls: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजों से पहले आये एग्जिट पोल ने राज्य का सियासी तापमान बढ़ा दिया है. मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इन अनुमानों को सिरे से खारिज करते हुए इसे भाजपा की साजिश करार दिया है.
टेलीविजन चैनलों के नहीं हैं आंकड़े : चीफ मिनिस्टर
शुक्रवार को एक वीडियो संदेश जारी कर ममता ने आरोप लगाया कि एग्जिट पोल के आंकड़े तृणमूल कांग्रेस (TMC) कार्यकर्ताओं का मनोबल गिराने के लिए प्रसारित किये जा रहे हैं. उन्होंने दावा किया कि ये आंकड़े टेलीविजन चैनलों के नहीं, बल्कि भाजपा कार्यालय की पसंद के हैं.
भाजपा कार्यालय से दोपहर 1:08 बजे आया डेटा : ममता
ममता बनर्जी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर साझा किये गये वीडियो में गंभीर आरोप लगाये हैं. उन्होंने दावा किया कि टेलीविजन चैनल्स पर जो कुछ भी दिखाया जा रहा है, वह दोपहर 1 बजकर 8 मिनट पर भाजपा कार्यालय से फीड किया गया था. इसे दिखाने के लिए भारी पैसे दिये गये हैं. ममता ने कहा कि उनके पास इस बात की पुख्ता जानकारी है.
बंगाल की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
तृणमूल कार्यकर्ताओं का मनोबल गिराने की कोशिश : मुख्यमंत्री
बंगाल की चीफ मिनिस्टर ने कहा है कि इन अनुमानों का एकमात्र उद्देश्य तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के समर्थकों और कार्यकर्ताओं को मानसिक रूप से कमजोर करना है, ताकि मतगणना के दिन भ्रम पैदा किया जा सके.
इसे भी पढ़ें : बंगाल में 77 बूथों पर फिर वोटिंग! डायमंड हार्बर और फालता में ‘जासूसी कैमरे’ मिलने से हड़कंप
दीदी की भविष्यवाणी : 226 का आंकड़ा पार करेगी टीएमसी
एग्जिट पोल के विपरीत, ममता बनर्जी ने अपनी पार्टी की प्रचंड जीत का भरोसा जताया है. उन्होंने सीटों का गणित साझा करते हुए कहा- हम 294 सदस्यीय विधानसभा में आराम से दो-तिहाई बहुमत हासिल करेंगे. मुझे पूरा विश्वास है कि हम 226 सीटों का आंकड़ा पार कर लेंगे. हो सकता है कि यह संख्या 230 के भी पार चली जाये. जनता का भारी जनादेश हमारे साथ है.
इसे भी पढ़ें : डायमंड हार्बर या बंगाल का ‘ल्यारी’? अभिषेक बनर्जी के गढ़ का क्या है पाकिस्तान कनेक्शन?
Mamata Banerjee on Exit Polls: अमित शाह और केंद्रीय बलों पर सीधा हमला
तृणमूल कांग्रेस की सुप्रीमो ने एक बार फिर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को निशाने पर लिया. उन्होंने आरोप लगाया कि पूरी चुनाव प्रक्रिया के दौरान केंद्रीय सुरक्षा बलों ने निष्पक्ष काम करने की बजाय ‘भाजपा के एजेंट’ की तरह व्यवहार किया. दीदी के मुताबिक, यह सब दिल्ली के सीधे निर्देशों पर बंगाल में लोकतांत्रिक प्रक्रिया को प्रभावित करने के लिए किया गया.
4 मई को होगी मतगणना
सोमवार (4 मई) को होने वाली मतगणना से पहले ममता बनर्जी का यह आक्रामक रुख उनके कार्यकर्ताओं में जोश भरने की कोशिश माना जा रहा है. अब देखना होगा कि 4 मई को ईवीएम से निकलने वाले नतीजे ममता की भविष्यवाणी के करीब रहते हैं या एग्जिट पोल के अनुमानों के.
इसे भी पढ़ें
बंगाल चुनाव पर दुनिया की नजर, विदेशी मीडिया ने पूछा- अमीर होने से पहले ‘बूढ़ा’ हो जायेगा भारत?
