बरहेट : सरकारी पेंशन योजना में हुए बड़े फर्जीवाड़े की जांच के बाद बरहेट थाना पुलिस ने मुख्य आरोपियों के खिलाफ 520 पन्नों की चार्जशीट अदालत में समर्पित की है. पुलिस ने चार्जशीट में डिजिटल, दस्तावेजी, वैज्ञानिक और वित्तीय साक्ष्यों को शामिल किया है. पुलिस के अनुसार घोटाले के मुख्य आरोपी कंप्यूटर ऑपरेटर राहुल कुमार मंडल और साहिबगंज के कंप्यूटर ऑपरेटर प्रशांत कुमार हैं. दोनों पर सरकारी सिस्टम का गलत इस्तेमाल कर पेंशन योजना में फर्जीवाड़ा करने का आरोप है.
घर से सरकारी सिस्टम चलाकर फर्जी पेंशन स्वीकृति का आरोप
पुलिस के अनुसार जांच में सामने आया कि ऑपरेटर राहुल कुमार मंडल कार्यालय के बजाय अपने घर से सरकारी सिस्टम चला रहा था. आरोप है कि वह घर से ही गलत तरीके और फर्जी नाम-पते पर पेंशन स्वीकृत कर रहा था. सिस्टम से छेड़छाड़ को वैज्ञानिक तरीके से साबित करने के लिए पुलिस ने एसआईटी की जांच रिपोर्ट भी अदालत में सौंपी है.
मोबाइल, कंप्यूटर और बैंक खातों से जुड़े साक्ष्य चार्जशीट में
चार्जशीट में आरोपियों के मोबाइल, कंप्यूटर रिकॉर्ड और बैंक खातों में हुए कथित अवैध पैसों के लेनदेन से जुड़े साक्ष्य पेश किए गए हैं. पुलिस का कहना है कि इन डिजिटल और वित्तीय साक्ष्यों के आधार पर मामले में आरोपों को मजबूत किया गया है.
32 बिचौलियों के खिलाफ भी चार्जशीट
पुलिस को मुख्य आरोपी राहुल मंडल के साथ मिलकर पैसों का हेरफेर करने वाले 32 बिचौलियों के खिलाफ भी सबूत मिलने की बात कही गयी है. पुलिस के अनुसार इन 32 बिचौलियों के खिलाफ भी चार्जशीट दाखिल की गयी है.
156 अन्य बिचौलियों के नाम जांच के दायरे में
पुलिस जांच में घोटाले में शामिल 156 अन्य बिचौलियों के नाम सामने आने की बात कही गयी है. इनके खिलाफ पुलिस की जांच जारी है. पुलिस के अनुसार जांच पूरी होने के बाद आने वाले दिनों में इनके खिलाफ भी कार्रवाई की जायेगी.
क्या कहते हैं थाना प्रभारी
थाना प्रभारी चंदन कुमार भैया ने कहा कि पेंशन घोटाले के आरोपियों के खिलाफ वैज्ञानिक, डिजिटल और वित्तीय साक्ष्यों के आधार पर मजबूत चार्जशीट कोर्ट में समर्पित की गयी है. उन्होंने कहा कि गरीबों और जरूरतमंदों के हक की राशि में सेंधमारी करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा.
