सेन्हा-लोहरदगा : प्रखंड के सभागार में झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी जेएससलपीएस द्वारा डायन कुप्रथा मुक्त झारखंड अभियान के तहत जनसुनवाई कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इसमें पीएमएसडी के सदस्य नीलेश कुमार ने बताया कि पिछले 26 दिनों से प्रखंड के 13 गांव में इस अभियान के तहत वैसे लोगों को चिह्नित किया गया, जिन्हें लोगों द्वारा डायन बोल कर प्रताड़ित किया जाता है.
उन्हें ही न्याय दिलाने के लिए यह जन सुनवाई का आयोजन किया गया है. बीडीओ अमिताभ भगत ने कहा कि डायन बिसाही कुप्रथा है. इसके कारण हम अपने लोगों पर ही शक करने लगते हैं. यह प्रथा समाज के लिए अभिशाप बन गया है, जिसे हम सब को मिल जुल कर हटाना है.
लोग शिक्षा के अभाव में ऐसे कुप्रथा को ढो रहे थे. आज सभी बीमारियों का समुचित इलाज हमारे आस पास में होने के बावजूद लोग ओझा, भगत आदि के पास जाते हैं और ये लोग आपके बीच के किसी को डायन बता कर आपसे पैसे कमाते हैं. बीमारी अगर ओझा मति के झाड़ने फूंकने से ठीक होता तो इनलोगों के पास डॉक्टर से ज्यादा भीड़ इलाज करवाने वालों का रहता, परंतु ऐसा नहीं है.
ज्यूरी के सदस्य एवं जेएसपीएलएस के सदस्यों ने उपस्थित ग्रामीणों को संकल्प दिलाया कि हमारे समाज के डायन कुप्रथा रूपी अभिशाप से समाज को मुक्त करना है. मौके पर प्रमुख कलावती देवी, सीओ अतुल रंजन भगत, उपप्रमुख आशा देवी, पंसस राधिका देवी, एसआइ मिथलेश सिंह, जेएसपीएलएस से मीनाक्षी कुमारी, सुजीत कुमार, प्रेम भास्कर, अभय कुमार सहित सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण महिला पुरुष उपस्थित थे.
