कोडरमा बाजार: झारखंड स्वास्थ्य आउटसोर्सिंग कर्मचारी संघ की ओर से 23 जुलाई से जारी अनिश्चितकालीन हड़ताल सोमवार को पांचवें दिन भी जारी रहा. इस दौरान कांग्रेस जिला अध्यक्ष प्रकाश रजक और जिला उपाध्यक्ष दशरथ पासवान धरना स्थल पहुंचे तथा आंदोलनरत कर्मचारियों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और उनकी मांगों का समर्थन किया.
धरना सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रकाश रजक ने कहा कि सदर अस्पताल समेत जिले के विभिन्न सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में कार्यरत आउटसोर्सिंग स्वास्थ्यकर्मी वर्षों से पूरी निष्ठा के साथ स्वास्थ्य सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन पांच माह से उनका मानदेय लंबित है, जो गंभीर चिंता का विषय है.
उन्होंने कहा कि कर्मचारियों के अनुसार एक जून को सिविल सर्जन की अध्यक्षता में त्रिपक्षीय वार्ता हुई थी और 17 जून को भुगतान का आश्वासन भी दिया गया था, लेकिन अब तक उस पर अमल नहीं हुआ. वहीं दो जुलाई को आंदोलन के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हो सका. उन्होंने सरकार से अविलंब पांच माह का लंबित मानदेय भुगतान करने, राज्य सरकार के निर्धारित मानकों के अनुसार मानदेय देने तथा ईपीएफ अंशदान से जुड़ी शिकायतों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की.
उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की उपेक्षा से जिले की स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं और कांग्रेस पार्टी उनके न्यायोचित अधिकारों की लड़ाई में साथ खड़ी रहेगी. ज्ञान-विज्ञान समिति के राम रतन अवध्या ने कहा कि कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान संवाद और संवेदनशीलता के साथ किया जाना चाहिए.
जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष दशरथ पासवान ने कहा कि महीनों तक मानदेय लंबित रखना कर्मचारियों के साथ अन्याय है. सरकार को तत्काल वार्ता कर समाधान निकालना चाहिए. सीटू के जिला अध्यक्ष प्रेम प्रकाश ने कहा कि श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा सरकार की जिम्मेदारी है और आउटसोर्सिंग कर्मचारियों की जायज मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लिया जाना चाहिए.
धरना कार्यक्रम की अध्यक्षता रणजीत राम ने की. मौके पर राहुल कुमार वर्मा, अभिजीत कुमार, विशाल राणा, महिमा भारद्वाज, प्रिंस पांडेय, हीरालाल डोम, मुकुल, बबीता, सूफी प्रेमलता, साजन दास, दीपक कुमार, कंचन कुमारी, सरिता, प्रेमलता, रंजीत कुमार, शालिनी कुमारी, रंभा देवी, राधा कुमारी, रानी सिंह, चम्मा देवी, संजना कुमारी आदि मौजूद थे.
