खूंटी : खूंटी के तूतटोली में करोड़ों रुपये की लागत से बना आइटीआइ भवन बेकार साबित हो रहा है. इसकी देखरेख करनेवाला कोई नहीं है. इस भवन का निर्माण युवाअों को तकनीकी शिक्षा देने के उद्देश्य से कराया गया था.
इसके निर्माण के तीन वर्ष से ज्यादा समय गुजरने को है, लेकिन संस्थान शुरू नहीं हुआ. उक्त भवन में दर्जनों कमरे हैं. विभाग ने भवन बना कर अपना दायित्व पूरा कर लिया पर संस्थान शुरू कराना अबतक जरूरी नहीं समझा. भवन के कमरों में लगे लोहे के अधिकतर सामान चोरी हो गये हैं. खिड़की में लगे शीशे भी या तो चोरी कर लिये गये या तोड़ डाले गये.
सरकारी राशि का दुरुपयोग : ग्रामीण तुलसी महतो कहते हैं कि जब आइटीआइ शुरू नहीं करना था, तो भवन के पीछे करोड़ों रुपये खर्च करने की क्या जरूरत थी. वे कहते हैं कि भवन बनाने के पीछे अधिकारी पूरी दिलचस्पी दिखाते हैं पर उसे उपलब्धि देने की दिशा में नहीं. संवेदक एवं इंजीनियर भवन निर्माण की आड़ में अपना स्वार्थ साध लेते हैं.
