चौपारण. 15वें वित्त आयोग की राशि आवंटित होने के बाद अब पंचायतों में लंबित विकास योजनाओं को गति मिलने की उम्मीद है. राशि उपलब्ध होने से पेयजल, नाली निर्माण, सड़क मरम्मत, स्वच्छता, सामुदायिक भवनों के रखरखाव समेत अन्य जनहित की योजनाओं पर कार्य शुरू किया जा रहा है. मुखिया संघ अध्यक्ष वीरेंद्र रजक ने कहा कि सरकार द्वारा उपलब्ध करायी गयी राशि का उपयोग पारदर्शिता के साथ किया जायेगा. ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं का विस्तार हो सके. वर्तमान में सबसे कम राशि बच्छई पंचायत में 10,97,760 है. जबकि सबसे अधिक राशि करमा पंचायत में 44,63,537 रुपये आयी है. इसके अलावा चोरदाहा को 22,55,751, दैहर को 20,05,456, झापा को 18,99,832, दादपुर को 25,69,152, चयकला को 18,75,191, बेला को 23,47,379, यवनपुर को 19,71,487, चौपारण को 21,48,683, ताजपुर काे 23,87,358, चैथी को 13,86,421, पड़रिया को 14,54,899, बसरिया को 27,19,321, भगहर को 23,67,630, ब्रह्मोरिया को 15,22,393, रामपुर को 22,85,012, सेल्हरा कला को 15,37,854, गोविंदपुर को 17,01,981, डेबो को 19,65,197, सिंघरांवा को 22,60,396, पाण्डेयबारा को 28,12,022, जगदीशपुर को 28,40,409, मानगढ़ को 26,15,500्र बहेरा पंचायत को 21,40,704, बेलाही के 14,20,681 एवं चयकला पंचायत को 18,75,191 रुपये उपलब्ध कराया गया है. कई मुखिया ने बताया कि कई योजनाएं पूर्व में ली गयी थीं, जो पूरी हो गया हैं, उसकी राशि भुगतान की प्रक्रिया चल रही है.
15वें वित्त आयोग की राशि आवंटित, योजनाओं को मिलेगी रफ्तार
करमा पंचायत को सबसे अधिक, बच्छई को सबसे कम राशि का आवंटन
