गुमला में अब शिबू सोरेन चौक के नाम से जाना जाएगा मसरिया मोड़

झारखंड के गुमला में मसरिया मोड़ का नाम बदलकर दिशोम गुरु शिबू सोरेन चौक रखा गया. स्थानीय लोगों ने सरकार से इसे आधिकारिक रूप से घोषित करने की मांग की है.

गुमलाः झारखंड आंदोलन मोर्चा गुमला जिला समिति के तत्वावधान में घाघरा प्रखंड के मसरिया मोड़ चौक के समीप पूर्व मुख्यमंत्री शिबू सोरेन की प्रथम पुण्यतिथि मनायी गयी. कार्यक्रम का शुभारंभ जिला मुख्य संयोजक मनोज कुमार भगत ने स्व. शिबू सोरेन की तस्वीर पर पुष्पांजलि अर्पित कर किया.

मौके पर उन्होंने कहा कि झारखंड राज्य के निर्माण में शिबू सोरेन का योगदान अविस्मरणीय है. उनके सम्मान और स्मृति को चिरस्थायी बनाने के उद्देश्य से मसरिया मोड़ का नामकरण झारखंड निर्माता सह झारखंड आंदोलनकारी, पूर्व मुख्यमंत्री एवं दिशोम गुरु स्व. शिबू सोरेन चौक किया गया. इस अवसर पर विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना कर चौक का साइन बोर्ड भी लगाया गया.

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में झारखंड आंदोलनकारी, स्थानीय मुखिया, ग्रामीण तथा झारखंड सरकार के कल्याण मंत्री के प्रतिनिधि उपस्थित थे. उपस्थित लोगों ने जिला प्रशासन और झारखंड सरकार से मसरिया मोड़ का आधिकारिक नाम दिशोम गुरु स्व. शिबू सोरेन चौक घोषित करते हुए शीघ्र अधिसूचना जारी करने की मांग की. इस संबंध में निर्णय लिया गया कि मांग को लेकर जल्द ही जिला स्तरीय बैठक आयोजित की जाएगी और आगे की रणनीति तय कर आंदोलन को व्यापक रूप दिया जाएगा.


प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By दुर्जय पासवान

दुर्जय पासवान ने वर्ष 2001 से पत्रकारिता की शुरुआत की. दैनिक जागरण में दो साल काम करने के बाद 2003 में वे प्रभात खबर से जुड़े. इसके साथ ही नयी दुनिया अखबार, प्रहार मैगजीन में भी अपनी सेवा दी. इसके बाद 2010 में वे दैनिक भास्कर गुमला का ब्यूरो इंचार्ज के रूप में काम शुरू किये. भास्कर में पांच साल सेवा देने के बाद दोबारा 2014 में प्रभात खबर में ब्यूरो इंचार्ज के रूप में वापसी की. तब से अबतक प्रभात खबर से जुड़े हुए हैं. उन्होंने नक्सलियों से जुड़ी खबरें, नक्सली घटनाएं, ग्राउंड रिपोर्ट, प्राचीन और ऐतिहासिक धरोहरों की खोज से संबंधित खबरों पर अच्छा काम किया. इन्हीं खबरों ने उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में पहचान दी. दुर्जय पासवान बहुत लगन से अपना सभी काम का पूरा करते हैं.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >