अमरपुर पंचायत के पीपरजोरिया गांव निवासी हाफिज अब्दुल्ला अंसारी (33 वर्ष) की सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल होने के बाद भागलपुर के मायागंज अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गयी. उनकी मौत से परिवार और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गयी है. मृतक हाफिज अब्दुल्ला अंसारी, पिता इरशाद अंसारी, अपनी पत्नी नगमा परवीन एवं साली जीनत परवीन को परीक्षा दिलाने के लिए एसआरटी महाविद्यालय, धमड़ी गये थे. परीक्षा समाप्त होने के बाद तीनों ऑटो से अपने घर लौट रहे थे. जानकारी के अनुसार, बाराहाट-भगैया मुख्य मार्ग पर दिग्घी मोड़ के समीप सामने से आ रही एक बाइक और ऑटो के बीच जोरदार टक्कर हो गयी, जिससे ऑटो पलट गया.
सांप को देखकर बिगड़ा संतुलन
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सड़क के बीचों-बीच एक मरा हुआ सांप पड़ा था. सांप को देखकर बाइक चालक का संतुलन बिगड़ गया और उसकी बाइक सीधे ऑटो से जा टकरायी. बताया जाता है कि हाफिज ऑटो चालक के बगल वाली सीट पर बैठे थे. टक्कर के दौरान बाइक का हैंडल उनके पेट में घुस गया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गये. वहीं ऑटो पलटने से उनकी पत्नी और साली भी घायल हो गयी. घटना के बाद स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को तत्काल मेहरमा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया. वहां चिकित्सकों ने हाफिज की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए भागलपुर स्थित मायागंज अस्पताल रेफर कर दिया, जहां गुरुवार शाम इलाज के दौरान उनकी मौत हो गयी.
मुखिया का दामाद था मृतक, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
हाफिज अब्दुल्ला अंसारी अमरपुर पंचायत की मुखिया सायमा खातून के दामाद थे. उनकी असामयिक मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है. मृतक अपने पीछे पत्नी, छह वर्ष की एक पुत्री और तीन वर्ष के एक पुत्र को छोड़ गये हैं. घटना की सूचना मिलते ही पंचायत प्रतिनिधि एवं स्थानीय लोग मृतक के घर पहुंचे और परिजनों को सांत्वना दी. मृतक के ससुर मोहम्मद असदुल्ला ने बताया कि उन्होंने अपनी पुत्री का विवाह गांव में ही हाफिज अब्दुल्ला से किया था. उन्होंने कहा कि इस हादसे ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है और परिवार ने अपना सहारा खो दिया है.
