रैयत चेतलाल महतो की अध्यक्षता प्रभावित किसान चेतलाल महतो ने की. इस दौरान प्रभावित किसानों के नुकसान का आकलन कर सरकारी दर पर मुआवजा व फसल की क्षतिपूर्ति करने का प्रस्ताव लिया गया. तय हुआ कि जब तक मांग पूरी नहीं होगी तब तक आंदोलन चलता रहेगा. यूनियन के केंद्रीय अध्यक्ष गंगाधर महतो मुख्य रूप से उपस्थित थे.
बिना सहमति के कोई काम नहीं होने देने पर अड़े किसान
प्रभावित किसानों का कहना है कि मनमानी तरीके से निर्माण कार्य एजेंसी एसपीएमएल कंपनी ने उनकी कृषि योग्य जमीन में बिना सहमति के पेयजल आपूर्ति की पाइप बिछा दी. प्रस्ताव लिया कि सभी प्रभावित किसानों का सर्वे कर नुकसान का आकलन किया जाये, सरकारी दर पर मुआवजा मिले, फसल भूमि का तत्काल मुआवजा दिया जाये, किसानों से बिना सहमति लिये कोई काम नहीं किया जाये और जबतक किसानों का मुआवजा नहीं मिलेगा तब तक कोई काम नहीं करने दिया जायेगा. मांग की पूर्ति नहीं होने पर मामले को कोर्ट ले जाने का निर्णय लिया गया.मनमानी नहीं चलने दी जायेगी
मौके पर मुख्य रूप से उपस्थित यूनियन के केंद्रीय अध्यक्ष गंगाधर महतो ने कहा कि निर्माण कार्य एजेंसी की मनमानी नहीं चलने दी जायेगी. बैठक में प्रभावित किसान सुरेश भुईयां, खेदन भुईयां, राजू भुईयां, शनिचर भुईयां, बुधनी देवी, दिलीप कुमार साहू, प्रदीप साव, जीवाधन महतो, छेदी अंसारी, टेकलाल महतो, ललिता देवी, अनीता देवी आदि उपस्थित थे.
