पोटका.पोटका प्रखंड की ग्वालकाटा पंचायत में आदिम जनजातियों के लिये स्वीकृत प्रधानमंत्री जनमन आवास निर्माण में गड़बड़ी की जांच करने के लिये आइटीडीए के परियोजना निदेशक दीपंकर चौधरी शनिवार को पोटका पहुंचे. इस दौरान श्री चौधरी ने सबरनगर, सहारजुड़ी, बुटगोड़ा सहित अन्य गांवों में गये और गड़बड़ियों को देखा. जांच के दौरान उन्होंने आवास योजना के स्वीकृत 34 सबर समुदाय के लाभुकों से एक-एक कर पूछताछ की व बयान कलमबंद किया.
छह माह पहले 30-30 हजार रुपये की निकासी की
इस दौरान लाभुकों ने पदाधिकारी से स्पष्ट रूप में कहा कि 6 माह पूर्व हमलोग ने बैंक से 30-30 हजार रुपये की निकासी की. मौके पर उपस्थित पंचायत के मुखिया पति सुकराम मुंडा ने सभी के आवास की प्रथम किश्त अनुसार प्लींथ स्टेज तक बना देंगे कहकर रुपये ले लिये, लेकिन काफी दिनों तक आवास नहीं बनाये, तो सभी लोग मीडिया के माध्यम से यह मामला उठाया, तब जाकर आवास बनना शुरू हुआ.एक लाभुक का आवास निर्माण प्लींथ स्टेज तक नहीं मिला
वर्तमान समय में भी एक लाभुक का आवास निर्माण प्लींथ स्टेज तक नहीं हो सका है. वहीं, चौधरी ने मुक्ति सबर, सारों सबर, लखी सबर, सुदाम सबर सहित अन्य से पूछताछ कर बयान कलमबंद किया. पदाधिकारी ने मौके पर उपस्थित मुखिया वीणा मुंडा से कहा कि लाभुकों के आरोप सही हैं, तो आवास बनाने में इतना विलंब क्यों हुआ. इससे प्रतीत होता है कि इसमें मंशा सही नहीं थी. इस अवसर पर बीडीओ अरुण कुमार मुंडा, पंसस सीताराम हांसदा, ब्लॉक को-ऑर्डिनेटर तापस त्रिपाठी उपस्थित थे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
