चतरा. झारखंड एकेडमिक काउंसिल (जैक) द्वारा मैट्रिक और इंटर की परीक्षा ली जा रही है. गुरुवार को आयोजित मैट्रिक में विज्ञान विषय की परीक्षा हुई. परीक्षा में जो प्रश्न पत्र आया, वह जिले में दो दिन पहले से वायरल हो रहा था. 18 फरवरी को मैट्रिक हिंदी ए और बी विषय की परीक्षा में भी वायरल प्रश्न पत्र ही आया था. लगातार प्रश्न पत्र वायरल होने से लोग तरह-तरह के चर्चा कर रहे है. लोगों का कहना है कि परीक्षा मजाक बन गयी है. बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है. परीक्षा देकर निकले परीक्षार्थी उज्ज्वल कुमार ने कहा कि प्रश्न पत्र वायरल होने की जानकारी मिली थी, लेकिन मोबाइल नहीं रहने के कारण प्रश्न पत्र नहीं देख पाये थे. सेंटर में अगल-बगल बैठे परीक्षार्थी पूरा प्रश्न का उत्तर दिया है. मैं जितना प्रश्न जानता था, उतना प्रश्न का जवाब दिया हूं. अरुण कुमार यादव ने कहा कि पढ़ाई करने वाले परीक्षार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है. वायरल प्रश्न को अफवाह मान कर परीक्षा लिखने आया था, लेकिन परीक्षा में वायरल प्रश्न पत्र ही आया. बता दे कि साइंस का प्रश्न पत्र बुधवार को दिनभर व्हाट्सऐप पर सर्कुलेट होता रहा. कई परीक्षार्थियों ने प्रश्न पत्र को बेचने का भी काम किया है. हालांकि झारखंड एकेडमिक काउंसिल ने हिंदी और साइंस परीक्षा को रद्द कर दिया है. इस संबंध में जिला शिक्षा पदाधिकारी दिनेश कुमार मिश्र ने कहा कि चतरा में प्रश्न पत्र वायरल होने की जानकारी नहीं है.
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