Bihar Legislative Council Election: बिहार विधान परिषद के पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां धीरे-धीरे तेज होने लगी हैं. मंगलवार को बिहटा के दिलावरपुर में स्वतंत्रता सेनानी स्व. जगदीश सिंह की श्रद्धांजलि सभा में भी इसका असर देखने को मिला. मोकामा विधायक अनंत सिंह के साथ पटना स्नातक सीट के संभावित दावेदार डॉ. अनुज सिंह पहुंचे. दोनों की मौजूदगी और डॉ. अनुज की चुनावी दावेदारी के बाद स्थानीय राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज हो गयी.
डॉ. अनुज ने चुनाव लड़ने की मंशा जतायी
श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए डॉ. अनुज सिंह ने पटना स्नातक सीट से चुनाव लड़ने की अपनी मंशा स्पष्ट की. उन्होंने कहा कि उन्हें अनंत सिंह का समर्थन और आशीर्वाद प्राप्त है और वे हर परिस्थिति में चुनाव लड़ेंगे. उन्होंने बताया कि पिछले एक सप्ताह से पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के विभिन्न इलाकों का दौरा कर मतदाताओं से संपर्क कर रहे हैं. कार्यक्रम में जदयू से निष्कासित नेता छोटू सिंह समेत बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और समर्थक मौजूद थे.
अनंत सिंह के समर्थन से बढ़ी चर्चा
पटना स्नातक सीट पर जदयू के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार लगातार तीन बार जीत दर्ज कर चुके हैं. आगामी चुनाव में भी उनकी दावेदारी चर्चा में है. ऐसे में अनंत सिंह द्वारा डॉ. अनुज सिंह को समर्थन दिये जाने की बात सामने आने के बाद संभावित राजनीतिक समीकरणों को लेकर चर्चा शुरू हो गयी है.
हालांकि, इसे फिलहाल किसी आधिकारिक पार्टी निर्णय के रूप में नहीं देखा जा सकता. उम्मीदवारों की अंतिम स्थिति और राजनीतिक दलों की रणनीति चुनाव कार्यक्रम तथा नामांकन प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट होगी.
प्रदेश अध्यक्ष से बैठक के बाद भी सक्रियता
राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि हाल में अनंत सिंह की जदयू प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा के साथ बैठक हुई थी. इसके बाद भी डॉ. अनुज सिंह के समर्थन को लेकर अनंत सिंह की सक्रियता सामने आयी है. अनंत सिंह का कहना रहा है कि जो उनके साथ रहेगा, वे उसका साथ देंगे. हालांकि, इस मामले में जदयू का आधिकारिक रुख आगे महत्वपूर्ण होगा.
26 विधानसभा क्षेत्रों में फैला है निर्वाचन क्षेत्र
पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र का दायरा 26 विधानसभा क्षेत्रों तक फैला है. ऐसे में चुनाव में व्यक्तिगत संपर्क, संगठनात्मक नेटवर्क और विभिन्न राजनीतिक समूहों की सक्रियता महत्वपूर्ण मानी जाती है. डॉ. अनुज सिंह के चुनाव मैदान में उतरने की स्थिति में मुकाबले को लेकर राजनीतिक हलकों में अभी से चर्चा शुरू हो गयी है. वहीं, नीरज कुमार के पिछले चुनावी प्रदर्शन को देखते हुए उनके सामने संभावित दावेदारों की सक्रियता को भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है.
चुनाव कार्यक्रम के बाद साफ होगी तस्वीर
बिहार विधान परिषद की स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की सीटों के लिए चुनाव कार्यक्रम जारी होने के बाद ही तस्वीर स्पष्ट होगी. उम्मीदवारों के नाम, दलों के आधिकारिक समर्थन और नामांकन के बाद चुनावी मुकाबले का वास्तविक स्वरूप सामने आयेगा. फिलहाल पटना स्नातक सीट पर संभावित दावेदारों की सक्रियता ने राजनीतिक माहौल जरूर गरमा दिया है.
