घर की पूरी जिम्मेदारी संभाल रही थी कोमल...महिला कांस्टेबल की कहानी, जिसे ड्यूटी के वक्त स्कॉर्पियो ने रौंदा

Bihar Police: पटना में ड्यूटी के दौरान एक दर्दनाक हादसे में महिला कॉन्स्टेबल कोमल कुमारी की जान चली गई. नालंदा की रहने वाली कोमल चार साल पहले पुलिस में भर्ती हुई थीं और परिवार की इकलौती कमाने वाली सदस्य थीं. चार दिन से छुट्टी मांग रहीं थीं, लेकिन कर्तव्य ने रोक लिया और वही ड्यूटी उनकी ज़िंदगी की आख़िरी ड्यूटी बन गई.

Bihar Police: पटना में बुधवार देर रात एक दर्दनाक हादसे ने पुलिस महकमे को झकझोर कर रख दिया. अटल पथ पर वाहन चेकिंग के दौरान एक तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने तीन पुलिसकर्मियों को रौंद दिया. इस हादसे में महिला कॉन्स्टेबल कोमल कुमारी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य पुलिस अधिकारी गंभीर रूप से घायल हैं.

नालंदा जिले की रहने वाली कोमल की पोस्टिंग संपतचक थाना में थी. हादसे के वक्त वह अपने दो सहयोगियों, एसके पुरी थाने के सब-इंस्पेक्टर दीपक मणि और एएसआई अवधेश कुमार के साथ अटल पथ पर चेकिंग ड्यूटी पर थीं. तभी एक बेकाबू स्कॉर्पियो ने उन्हें कुचल दिया. कोमल की मौके पर ही मौत हो गई जबकि दोनों अधिकारी अस्पताल में जिंदगी से जूझ रहे हैं.

परिवार की इकलौती उम्मीद थी कोमल

कोमल चार साल पहले ही पुलिस सेवा में भर्ती हुई थीं और घर की इकलौती कमाने वाली सदस्य थीं. पिता पंजाब में मजदूरी करते हैं और घर में मां के साथ चार छोटी बहनें हैं. मां रंजू देवी ने बताया कि कोमल बीते चार दिनों से छुट्टी की मांग कर रही थी ताकि वह घर आकर परिवार के साथ समय बिता सके, लेकिन ड्यूटी की पुकार ने उसे रोका रखा. अफसोस कि यह ड्यूटी उसकी आखिरी साबित हुई.

ड्राइवर गिरफ्तार, जांच जारी

घटना के तुरंत बाद स्कॉर्पियो में सवार दो लोगों को पुलिस ने मौके पर ही हिरासत में ले लिया. फरार ड्राइवर निखिल राज को भी पुलिस ने छापेमारी कर गिरफ्तार कर लिया है. मामले की जांच जारी है.

सियासी बयानबाजी भी शुरू

राजद नेता मृत्युंजय तिवारी ने इस घटना को कानून व्यवस्था की विफलता बताया और कहा कि जब राजधानी में वर्दीधारी भी सुरक्षित नहीं, तो आम जनता का क्या होगा? कोमल अब केवल एक नाम नहीं, वह कर्तव्य के लिए बलिदान देने वाली उन चुनिंदा महिलाओं में शामिल हो गई हैं, जो आखिरी सांस तक फर्ज निभाती हैं.

(सहयोगी सुमेधा श्री की रिपोर्ट)

Also Read: बिहार के इस इकलौते स्टेशन पर रुकती है भारत की सबसे लंबी ट्रेन, 75 घंटे में तय करती है 4154 KM की दूरी

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Abhinandan Pandey

भोपाल से शुरू हुई पत्रकारिता की यात्रा ने बंसल न्यूज (MP/CG) और दैनिक जागरण जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अनुभव लेते हुए अब प्रभात खबर डिजिटल तक का मुकाम तय किया है. वर्तमान में पटना में कार्यरत हूं और बिहार की सामाजिक-राजनीतिक नब्ज को करीब से समझने का प्रयास कर रहा हूं. गौतम बुद्ध, चाणक्य और आर्यभट की धरती से होने का गर्व है. देश-विदेश की घटनाओं, बिहार की राजनीति, और किस्से-कहानियों में विशेष रुचि रखता हूं. डिजिटल मीडिया के नए ट्रेंड्स, टूल्स और नैरेटिव स्टाइल्स के साथ प्रयोग करना पसंद है.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >