hajipur news. बिहार विधानसभा चुनाव की तैयारियों के अंतर्गत प्रथम स्तरीय इवीएम एवं वीवीपैट जांच शुरू

सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की उपस्थिति में इवीएम व वीवीपैट की तकनीकी जांच की गयी तथा जांच की पूरी प्रक्रिया की निगरानी की गयी, जिससे पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित की जा सके

हाजीपुर. बिहार विधानसभा आम निर्वाचन 2025 की तैयारियों के क्रम में शनिवार को हाजीपुर के हरिवंशपुर स्थित वेयरहाउस में इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीन (इवीएम) एवं वीवीपैट की प्रथम स्तरीय जांच (एफएलसी) का कार्य प्रारंभ किया गया. इस प्रक्रिया में सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की उपस्थिति में इवीएम व वीवीपैट की तकनीकी जांच की गई तथा जांच की पूरी प्रक्रिया की निगरानी की गई, जिससे पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित की जा सके.

एफएलसी स्थल पर डीएम यशपाल मीणा ने स्वयं पहुंचकर इसका निरीक्षण किया तथा उपस्थित पदाधिकारियों एवं दंडाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिया. इन्होंने यह भी सुनिश्चित किया कि निर्वाचन की संपूर्ण प्रक्रिया भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप निष्पक्ष, पारदर्शी एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो. इस अवसर पर अपर समाहर्ता (विभागीय जांच) मो. एहसान अहमद, उप निर्वाचन पदाधिकारी प्रियंका सिन्हा, जिला सूचना एवं जन संपर्क पदाधिकारी नीरज तथा अन्य वरीय अधिकारी एवं तकनीकी कर्मी भी उपस्थित रहे. एफएलसी प्रक्रिया को पूर्ण तकनीकी दक्षता के साथ संपन्न कराने हेतु इसीआइएल हैदराबाद से 14 अभियंताओं की प्रतिनियुक्ति की गई है. सुरक्षा व्यवस्था के तहत वेयरहाउस के भीतर मोबाइल ले जाना पूर्णतः वर्जित किया गया है. प्रथम स्तरीय जांच 31 मई से प्रारंभ हो कर 22 जून तक हाजीपुर के हरिवंशपुर स्थित ईवीएम वेयर हाउस पर पूर्वाह्न 09 से अपराह्न 07 बजे तक किया जायेगा.

स्थल पर लगाये गये सीसीटीवी कैमरे

इस कार्य हेतु वरीय पदाधिकारी और एफएलसी पर्यवेक्षक पदाधिकारी एडीएम (विभागीय जांच) को नोडल पदाधिकारी, ईवीएम कोषांग एवं अन्य सभी सहायक पदाधिकारियों एवं कर्मियों को निर्देशित करते हुए डीएम ने निर्वाचन आयोग के निर्देशों का अक्षरशरूपालन करने का निदेश दिया. इसके साथ ही उक्त स्थल पर सीसीटीवी कैमरा एवं अग्निशमन यंत्र इत्यादि के लगाए गए हैं. हाल के अंदर किसी भी तरह के इलेक्ट्रानिक उपकरण वर्जित है. साथ ही बिना पहचान पत्र के अंदर प्रवेश वर्जित है. गेट पर ही पुलिस कर्मियों के द्वारा सघन जांच की जा रही है. प्राधिकृत व्यक्ति के अलावा वहां किसी अन्य का प्रवेश वर्जित है. साथ ही प्रतिदिन के कार्यों का शाम में रिपोर्ट से अवगत कराने का निर्देश दिया गया.

2592 मतदान केंद्र पर 26 लाख 69 हजार 313 मतदाता हैं

वर्तमान में वैशाली जिला अंतर्गत आठ विधान सभा अंतर्गत 2592 मतदान केंद्र पर 26 लाख 69 हजार 313 मतदाता है. वर्तमान में जिला में पर्याप्त मात्रा में बीयू एवं सीयू तथा वीवीपीएटी मशीन उपलब्ध है. इस कार्य की निगरानी के लिए निर्वाचन आयोग के द्वारा एक वरीय पदाधिकारी की नियुक्ति भी की गई है. कार्य के लिए एक नियंत्रण कक्ष भी बनाया गया है. साथ ही 02 पालियों में इवीएम वेयरहाउस के पास सुरक्षा की व्यवस्था भी की गई है. उल्लेखनीय है कि इन्ही इवीएम एवं वीवीपीएटी से आगामी बिहार विधान सभा आम निर्वाचन 2025 कराया जाना है, इसलिए किसी भी प्रकार की लापरवाही को गंभीरता से लिया जाएगा. वहीं जांच के लिए वेयरहाउस के पास सघन तरीके से तैयारी की गई है. किसी भी हाल में सुरक्षा में चूक बर्दाश्त नहीं की जाएगी. सुरक्षा की कड़ी व्यवस्था की गई है. सभी राजनीतिक पार्टियों के प्रतिनियुक्त कर्मियों का आई कार्ड भी बनाया गया है. बिना आइ कार्ड के एंट्री नहीं दी जाएगी.

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