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ranchi

  • Jul 14 2019 6:53AM
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बस का ब्रेक हुआ फेल, 23 जवान घायल, श्रावणी मेला में ड्यूटी जा रहे थे वायलेस डिपार्टमेंट झारखंड पुलिस के जवान

बस का ब्रेक हुआ फेल, 23 जवान घायल, श्रावणी मेला में ड्यूटी जा रहे थे वायलेस डिपार्टमेंट झारखंड पुलिस के जवान
ओरमांझी सिकिदिरी-गोला रोड के सिकिदिरी जोबला केझिया घाटी में हादसा
बस का ब्रेक फेल होने से चालक ने नियंत्रण खाेया, घाटी में बनी पत्थर की दीवार से बस के टकराने से हुई घटना 
तीन बसों से जैप-2 में ट्रेनिंग ले रहे 150 प्रशिक्षु जवानों को ले जाया जा रहा था देवघर, एक बस हादसे की हुई शिकार 
जैप-3 गोविंदपुर, धनबाद की थी बस जो हुई दुर्घटनाग्रस्त, चालक  ज्यौल लुगूम घायल
 
रांची/सिकिदिरी/चितरपुर : श्रावणी मेला (देवघर) में ड्यूटी के लिए ले जाये जा रहे वायलेस डिपार्टमेंट (झारखंड पुलिस) के प्रशिक्षु जवानों से भरी पुलिस बस शनिवार को दुर्घटनाग्रस्त हो गयी. यह घटना ओरमांझी सिकिदिरी-गोला रोड के सिकिदिरी जोबला केझिया घाटी में सुबह 10 बजे घटी. इसमें जैप-तीन के चालक ज्यौल लुगूम और वायरलेस के 22 जवान घायल हो गये. 
 
इनमें से जिन तीन जवानों को ज्यादा चोटें आयी थी, उन्हें मेदांता अस्पताल और अन्य 20 सामान्य घायलों को रिम्स में भर्ती कराया गया है. घटना की वजह बस (जेएच-10 एम-6816) का ब्रेक फेल हाेने के बाद चालक का वाहन से नियंत्रण खोना व घाटी में बनी पत्थर के चट्टान से  बस का टकरा जाना बताया जाता है. 
 
जानकारी के मुताबिक तीन बस से जैप के 150 प्रशिक्षु जवानों को श्रावणी मेला में ड्यूटी के लिए ले जाया जा रहा था. इनमें से एक बस दुर्घटनाग्रस्त हो गयी. सभी घायल जवान  जैप-2, टाटीसिल्वे में ट्रेनिंग ले रहे थे. रांची हेडक्वार्टर डीएसपी चंद्र शेखर ने केझिया घाटी पहुंच कर घटनास्थल का जायजा  लिया. उन्होंने बताया कि घायल जवानों के अलावा अन्य को देवघर के लिए प्रस्थान  कर दिया गया है.  मौके पर सिकिदिरी और ओरमांझी थाने की पुलिस भी पहुंची थी. 
 
मेदांता में जिन तीन जवानों का इलाज चल रहा है, उसमें सुनील कुमार, राहुल कुमार व पूरन  उरांव  शामिल हैं. सुनील कुमार व राहुल कुमार का हड्डी विभाग में डॉ उज्जवल सिन्हा की देखरेख में इलाज चल रहा है. 
 
वहीं पूरन उरांव  का इलाज इएनटी विभाग केे डॉ अभिजीत कुमार कर रहे हैं. अस्पताल प्रबंधन से  मिली जानकारी के अनुसार जवानों के हाथ-पैर की हड्डी में गंभीर चोट आयी है,  लेकिन स्थिति नियंत्रित है. जबकि रिम्स में इलाजरत एक चालक और 19 जवानों की हालत खतरे से बाहर है. बता दें कि पिछले वर्ष भी श्रावणी मेला में जा रही बस इसी घाटी में दुर्घटनाग्रस्त हुई थी, जिसमें कई जवान घायल हुए थे.
 
श्रावणी मेला में वायरलेस के जवानों को ले जा रही थी बस 

बस चालक की जुबानी घटना की कहानी
 
दुर्घटनाग्रस्त बस चालक ज्यौल लुगूम ने बताया कि उनकी बस के आगे जवानों  के सामानों से भरा ट्रक व दो बस आगे चल रही थी. इस बीच केझिया घाटी पहुंचते  ही तीखा मोड़ होने के कारण ब्रेक लगा कर बस की स्पीड कम करने की उसने कोशिश की. लेकिन  ब्रेक नहीं लग पाया. दूसरे छोर से भी कई वाहन आ रहे थे. जिस कारण बस  अनियंत्रित हो गया. उन्होंने बस को किसी तरह चट्टान में टकरा कर रोका. इस  तरह बस पलटने से बच गयी. अगर बस पलटती, तो यहां बड़ी घटना घट सकती थी. बस  में अधिकांश जवान सोये हुए थे.

रिम्स में ये हैं भर्ती 
 
ज्यौल लुगूम (चालक), शशि शेखर मिश्रा, ब्रजकिशोर राम, अमरजीत कनसारी, आनंद कुमार, राजू कुमार, शुभम सौरभ, मनीष कुमार, अनुज कुमार, निर्मल कुमार, अभिमन्यु कुमार, प्रिंस कुमार, सौरभ मुर्मू, बेरगा मुर्मू, बबलू कुमार रवानी, कामख्या रवानी, राजा कुमार, सुधीर कुमार यादव, अजीत कुमार बेहरा, दीपक कुमार. 
 
मेदांता में ये आरक्षी हैं भर्ती : सुनील कुमार, राहुल कुमार व पूरन  उरांव.
 

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