Advertisement

ranchi

  • Sep 22 2019 12:14AM
Advertisement

काम नहीं किया, तो वेतन नहीं : चेयरमैन

काम नहीं किया, तो वेतन नहीं : चेयरमैन

रांची : कोल इंडिया के चेयरमैन एके झा ने संयुक्त मोर्चा को 24 सितंबर और भारतीय मजदूर संघ को 23 से लेकर 27 सितंबर तक की हड़ताल पर नहीं जाने का आग्रह किया है. साथ ही मजदूर यूनियनों से कहा है कि हड़ताल करनेवालों का वेतन नहीं मिलेगा. यह हड़ताल पूरी तरह गैर कानूनी है. मालूम हो कि कोल इंडिया में संयुक्त मोर्चा के बैनर तले यूनियनों ने 24 सितंबर को हड़ताल करने की घोषणा की है. 

इसमें इंटक, एटक, सीटू, एचएमएस, एक्टू से संबद्ध यूनियनें हिस्सा ले रही हैं. 23 से 27 सितंबर तक भारतीय मजदूर संघ ने आंदोलन करने की घोषणा की है. श्री झा ने कहा है कि अभी कोयला उत्पादन रफ्तार पकड़ रही है. ऐसे में किसी तरह का आंदोलन देशहित में नहीं है. उन्होंने सभी श्रमिक संगठनों को हड़ताल पर पुनर्विचार करने का आग्रह किया है. 
 
संघ ने निकाला विरोध मार्च : इधर, सीसीएल कोलियरी कर्मचारी संघ मुख्यालय शाखा ने शनिवार को दरभंगा हाउस स्थित कार्यालय में विरोध मार्च निकाला. संघ ने 23 से 27 सितंबर तक हड़ताल करने का निर्णय लिया है. इस मौके पर कर्मियों को बताया गया कि प्रत्यक्ष विदेशी निवेश का प्रस्ताव वापस नहीं लिये जाने तक आंदोलन जारी रहेगा. 
 
इस मौके पर अखिल भारतीय मजदूर संघ के मंत्री सह सीसीएल प्रभारी राजीव रंजन सिंह सहित मुख्यालय सचिव अनूप सिंह,  अमरमणि त्रिपाठी,  मोहनलाल,  नरसिंह शशि मोहन, अमित मुखर्जी, अंशु मुंडा,  विनीत,  राजेश्वर चंद्र डे,  अमित कुमार,  अमित लकड़ा,  विनोद मुंडा, प्रमोद कुमार,  शशि भूषण आदि मौजूद थे. 
 
ददई गुट ने किया समर्थन  : दूसरी ओर आरसीएमएस (ददई गुट) ने 24 सितंबर के आंदोलन का समर्थन किया है. संघ के अध्यक्ष आरपी सिंह और महासचिव मिथिलेश दुबे ने कहा है कि मजदूरों को इस आंदोलन का समर्थन करना चाहिए. यह कोल इंडिया को बचाने के लिए जरूरी है.
Advertisement

Comments

Advertisement
Advertisement