BRICS Summit 2026 : 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के मंच पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इथियोपिया के प्रधानमंत्री अबिय अहमद और मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम के साथ अहम द्विपक्षीय बैठकें कीं. इन बैठकों में दोनों देशों ने भारत के साथ रक्षा संबंधों को नई ऊंचाई पर ले जाने की इच्छा जताई.
बातचीत का मुख्य एजेंडा सैन्यकर्मियों का प्रशिक्षण, भारतीय कंपनियों से आधुनिक रक्षा उपकरणों की खरीद और रणनीतिक क्षेत्रों में निवेश रहा.
मलेशिया: सुखोई के लिए ब्रह्मोस और सेमीकंडक्टर में साझेदारी
मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम के साथ बैठक में हाई-टेक सेमीकंडक्टर और रक्षा सहयोग पर विस्तृत चर्चा हुई. मलेशिया अपने सुखोई-30 (Su-30) लड़ाकू विमानों के लिए भारत की ब्रह्मोस सुपरसोनिक मिसाइल के एयर-लॉन्च्ड वर्जन को शामिल करने की संभावना तलाश रहा है. इसके अलावा, सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम में दोनों देश तकनीक, कुशल वर्कफोर्स और मजबूत सप्लाई चेन बनाने के लिए मिलकर काम करने पर सहमत हुए हैं.
इथियोपिया: भारतीय माइनिंग कंपनियों को न्योता
इथियोपिया के प्रधानमंत्री अबिय अहमद के साथ बातचीत में आर्थिक और रक्षा सहयोग के नए रास्ते खुले. इथियोपिया ने अपने प्राकृतिक संसाधन क्षेत्र में भारतीय खनन कंपनियों की अधिक भागीदारी का स्वागत किया है. साथ ही, अपनी सेना के जवानों को भारत में आधुनिक प्रशिक्षण दिलाने और भारतीय कंपनियों से सैन्य हार्डवेयर खरीदने पर सहमति बनी. इससे अफ्रीका में भारत की रणनीतिक और आर्थिक मौजूदगी को मजबूती मिलेगी.
ग्लोबल साउथ में भारतीय हथियारों की मजबूत साख
भारत अब केवल हथियारों का खरीदार नहीं, बल्कि एक भरोसेमंद निर्यातक बनकर उभर रहा है. ऑपरेशन सिंदूर के बाद भारतीय मिसाइलों, राडार और तोपों की साख वैश्विक स्तर पर तेजी से बढ़ी है. फिलीपींस पहले ही 37.5 करोड़ डॉलर का ब्रह्मोस सौदा पूरा कर चुका है, जबकि इंडोनेशिया ने ब्रह्मोस और अस्त्र मिसाइल पर समझौते को अंतिम रूप दिया है.
अर्मेनिया ने भी पिनाका, आकाश और तोप प्रणालियों की भारी खरीद की है. अब मलेशिया और इथियोपिया के साथ बनी यह सहमति भारत को ग्लोबल साउथ में एक प्रमुख रक्षा साझेदार के रूप में स्थापित करती है.
