मातृभूमि का एकीकरण कोई रोक नहीं सकता, ताइवान पर जस्टिस मिशन के बाद गरजे शी जिनपिंग

China President Xi Jinping Reunification of Taiwan: चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) ने ताइवान के पास पिछले साल 30 दिसंबर 2025 को जस्टिस मिशन सैन्य अभ्यास किया. इसके तुरंत बाद चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने नए साल की पूर्व संध्या पर ताइवान और चीन के पुनर्एकीकरण (रियूनिफिकेशन) को आगे बढ़ाने का दृढ़ संकल्प व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि हमारी मातृभूमि का पुनर्एकीकरण समय की धारा है और इसे कोई नहीं रोक सकता.

China President Xi Jinping Reunification of Taiwan: नए साल की पूर्व संध्या पर चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने ताइवान के साथ पुनर्एकीकरण को आगे बढ़ाने का दृढ़ संकल्प व्यक्त किया. बीजिंग से प्रसारित अपने संबोधन में उन्होंने कहा “हमारी मातृभूमि का पुनर्एकीकरण समय की धारा है और इसे कोई नहीं रोक सकता.” यह बयान ऐसे समय में आया है जब चीनी पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) के ईस्टर्न थिएटर कमांड ने हाल ही में ताइवान के आसपास “जस्टिस मिशन 2025” नामक सैन्य अभ्यास पूरा किया. विश्लेषकों के अनुसार, यह रुख चीन के ताइवान नीति को लेकर सशक्त और आक्रामक होने का संकेत देता है, जिससे क्षेत्रीय तनाव बढ़ रहा है. चीन ताइवान को अपने क्षेत्र का हिस्सा मानता है और लंबे समय से द्वीप को ज़बरदस्ती जोड़ने का वचन देता रहा है, हालांकि 1949 से यह द्वीप स्वशासन में है.

चीनी विदेश मंत्रालय के अनुसार, शी जिनपिंग ने कहा कि चीन ने “जापानी आक्रमण के खिलाफ चीनी जनता के प्रतिरोध युद्ध और विश्व फासीवाद-विरोधी युद्ध में जीत की 80वीं वर्षगांठ को गंभीरता से मनाया और ताइवान रिकवरी डे की स्थापना की. ये भव्य राष्ट्रीय आयोजन अत्यंत गरिमामय और शक्तिशाली थे, और विजय की गौरवगाथा इतिहास के पन्नों में चमकती रहेगी. ये आयोजन चीनी राष्ट्र के सभी पुत्रों और पुत्रियों को इतिहास याद रखने, शहीदों का सम्मान करने, शांति को संजोने और एक बेहतर भविष्य रचने के लिए प्रेरित कर रहे हैं. ये हमारे राष्ट्र के महान पुनरुत्थान के लिए एक विशाल शक्ति को एकजुट कर रहे हैं.”

शी जिनपिंग ने आगे कहा, “कुछ समय पहले मैंने राष्ट्रीय खेलों के उद्घाटन समारोह में भाग लिया था, और मुझे यह देखकर खुशी हुई कि ग्वांगडोंग, हांगकांग और मकाऊ एकता के साथ साथ आ रहे हैं और मिलकर काम कर रहे हैं. हमें ‘एक देश, दो प्रणाली’ की नीति को दृढ़ता से लागू करना चाहिए और हांगकांग व मकाऊ को हमारे देश के समग्र विकास में बेहतर तरीके से एकीकृत होने तथा दीर्घकालिक समृद्धि और स्थिरता बनाए रखने में समर्थन देना चाहिए. ताइवान जलडमरूमध्य के दोनों ओर रहने वाले चीनी लोग रक्त और रिश्तेदारी के बंधन से जुड़े हैं. हमारी मातृभूमि का पुनर्एकीकरण समय की धारा है और इसे रोका नहीं जा सकता.” 

ताइवान के आसपास सैन्य गतिविधियां

शी जिनपिंग का भाषण ऐसे समय में आया जब PLA ने ताइवान के आसपास पिछले वर्ष के सबसे बड़े सैन्य अभ्यास किए. “जस्टिस मिशन 2025” नामक इन लाइव-फायर ड्रिल्स में कम से कम 89 युद्धक विमानों ने भाग लिया और ताइवान के मुख्य बंदरगाहों की नाकेबंदी का अभ्यास किया. इसमें नौसेना, वायुसेना, रॉकेट फोर्स और तट रक्षक बल शामिल थे, जिन्होंने द्वीप के चारों ओर संयुक्त सैन्य अभ्यास संपन्न किया. PLA के ईस्टर्न थिएटर कमांड ने विभिन्न सैन्य इकाइयों को ताइवान जलडमरूमध्य साथ-साथ ताइवान के उत्तर, दक्षिण-पश्चिम, दक्षिण-पूर्व और पूर्वी क्षेत्रों में संयुक्त सैन्य अभ्यास के लिए तैनात किया.

वैश्विक कूटनीति और चीन की उपलब्धियां

शी ने 2025 में चीन की कूटनीतिक उपलब्धियों का उल्लेख भी किया. उन्होंने तियानजिन में आयोजित शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के शिखर सम्मेलन का हवाला दिया, जिसमें रूस, भारत और तुर्की जैसे देशों के नेता शामिल हुए. उनके भाषण के दौरान चीन की अब तक की सबसे बड़ी सैन्य परेड के फुटेज भी दिखाए गए, जो सितंबर में विश्व युद्ध II की समाप्ति के 80 साल पूरे होने के अवसर पर आयोजित की गई थी. इस परेड में शी पुतिन और उत्तर कोरिया के किम जोंग-उन के साथ नजर आए, जिसे कुछ विश्लेषकों ने “अशांति के धुरी” के रूप में वर्णित किया.

ताइवान रिकवरी डे और क्षेत्रीय प्रतिक्रिया

बल प्रयोग की चेतावनी देते हुए शी जिनपिंग ने 2025 में स्थापित “ताइवान रिकवरी डे” पर भी जोर दिया, जो 1945 में जापानी शासन के अंत को स्मरण करने के लिए मनाया जाता है. वहीं ताइवान ने 25 अक्टूबर को राष्ट्रीय अवकाश के रूप में इसे मान्यता दी है. ताइवान के राष्ट्रीय रक्षा मंत्री वेलिंगटन कू ने कहा कि पीएलए की ये उकसावे वाली गतिविधियां क्षेत्रीय स्थिरता के लिए खतरा हैं.  ताइवान के रक्षा मंत्रालय ने मंगलवार को कहा कि ये अभ्यास उकसावे वाली और तनाव बढ़ाने वाली गतिविधियां हैं.

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